क्रय-विक्रय समिति पर प्रदर्शन करते कर्मचारी। संवाद
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बदायूं। जिले में आलू बुआई का सीजन चल रहा है। ऐसे में किसानों को खाद की जरूरत है। बिना खाद के बुआई होना मुश्किल है। ऐसे में किसानों ने इफको सेवा केंद्र समेत सहकारी समितियों का रुख कर दिया है, लेकिन जिले की सहकारी समितियां बंद पड़ीं हैं। इनके कर्मचारियों ने अपने बकाया वेतन व अन्य मदों को लेकर सोमवार को प्रदर्शन किया।
मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी ने प्रदेश के किसानों की आय दोगुनी करने के लिए तमाम योजनाओं को संचालित किया है ताकि किसानों की आय दोगुनी हो सके। जिले में किसानों की आय दोगुनी होना तो दूर, फसल में बुआई के दौरान लगाने वाली खाद लेने के लिए किसानों को भटकना पड़ रहा है। जिले में 132 सहकारी समितियां हैं। इनमें करीब 100 सहकारी समितियों पर फिलहाल खाद उपलब्ध है, लेकिन सहकारी समितियों के कर्मचारियों ने अपनी वेतन दिलाने समेत अन्य मांगों को लेकर प्रदर्शन करना शुरू कर दिया है।
प्रदर्शन कर समिति सचिवों ने सीएम से बकाया वेतन दिलाने की मांग की। यहां पैक्स सचिव वेलफेयर सोसायटी के जिलाध्यक्ष ब्रजेश कुमार सिंह ने बताया कि सोमवार को क्रय-विक्रय समिति पर सभी कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया। साथ ही प्रदेश सरकार से वेतन दिलाने की मांग की। वहीं सहकारी समितियां बंद होने की वजह से किसानों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। ऐसे में किसान अब एग्री जंक्शन और इफको सेवा केंद्रों पर जा रहे हैं। संवाद