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Bijnor: तापमान के उतार-चढ़ाव, गन्ना फसल को लगा शूट बोरर रोग, कृषि वैज्ञानिकों ने बताए बचाव के उपाय

Sun, 19 May 2024 02:04 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिजनौर

सार

तापमान में उतार-चढ़ाव के कारण खरीफ की फसलों में सामयिक रोगों का डर किसानों को सता रहा है। कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि बीच शोधन करके ही धान की नर्सरी तैयार करें। उन्होंने कीट नियंत्रण के टिप्स भी दिए।
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मनोज रावत, जिला कृषि रक्षा अधिकारी, जसवीर तेवतिया, जिला कृषि अधिकारी बाएं - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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वर्तमान समय के तापमान में उतार-चढ़ाव के कारण खरीफ की फसलों में सामयिक रोगों का खतरा मंडरा रहा है। गन्ना फसल में दीमक रोग का प्रकोप दिखाई देने लगा है। इस का लक्षण पौधा का संपूर्ण भाग मुरझा जाता है और धीरे-धीरे सूख जाता है। साथ ही गन्ना फसल में शूट बोरर आ गया है। इस कीट का गन्ने की फसल में सर्वाधिक प्रकोप इस समय (जून तक) अधिक होता है। पौधे के तना शीर्ष में होता है और शीर्ष को खींचने पर यह आसानी से बाहर आ जाता है। 

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ऐसे करें दीमक से बचाव
जिला कृषि रक्षक अधिकारी मनोज कुमार रावत ने बताया कि दीमक की रोकथाम के लिए क्लोरोपायरिफाॅस 20 प्रतिशत, ईसी की एक लीटर मात्रा प्रति एकड़ की दर से बालू रेत में मिलाकर सिंचाई के समय बिखेर दें।

अंकुर भेदक (शूट बोरर) की रोकथाम के लिए क्लोरोपायरिफाॅस 50 साईपरमेथ्रिन 5 ईसी की 500 एमएल मात्रा प्रति एकड़ की दर से 150 लीटर पानी में घोलकर स्प्रै करें।अगर कीट की तीव्रता अधिक हो तो इसमें कारटाॅपहाइड्रोक्लोराइड़ 50ः डब्ल्यूपी की 50 से 100 ग्राम मात्रा प्रति एकड़ की दर से मिलाकर स्प्रै करें।
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किसान वाट्सएप के माध्यम से पाए निदान
  फसल में कीट रोग की समस्या के निदान के लिए किसान मो. नंबर 9452247111 या 9452257111 पर एसएमएस, वाट्सएप पर रोग ग्रस्त पौधे का फोटो और अपना नाम, ग्राम का नाम, विकास खण्ड, जिले का नाम भेज दें। किसान को 48 घंटे में समाधान मिल जाएगा। -मनोज रावत, जिला कृषि रक्षा अधिकारी।

बीज शोधन कर करें धान नर्सरी की बुवाई
धान इस समय धान की नर्सरी बुवाई का समय चल रहा है। किसान बीज शोधन कर ही नर्सरी की बुवाई करें। इसके लिए कार्बन्डाजिम 50ः डब्ल्यूपी 2 ग्राम मात्रा प्रति किलोग्राम बीज या ट्राइकोडर्मा की 5 से 10 ग्राम मात्रा प्रति किलोग्राम बीज की दर प्रयोग करें। -जसवीर तेवतिया, जिला कृषि अधिकारी।
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