बिजनौर। ग्राम प्रधान के चुनाव में धनगर जाति का फर्जी प्रमाण पत्र लगाकर एससी वर्ग के लिए आरक्षित सीट पर विजय पाने वाली धिंगरपुर की पिछड़े वर्ग की महिला प्रधान को हटा दिया गया है। शिकायत पर पिछले दो वर्ष से भी अधिक समय से चल रही जांच के बाद यह निर्णय लिया गया है। डीएम ने प्रधान को हटाने के आदेश जारी कर दिए है। इस ग्राम पंचायत में अब दोबारा चुनाव होगा।
धिंगरपुर ग्राम पंचायत एससी वर्ग के लिए आरक्षित है। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में गडरिया जाति की मुन्नी देवी प्रधान चुनी गई थी। गांव के ही जगदीश ने डीएम से शिकायत की थी कि मुन्नी देवी जो कि गड़रिया (पिछड़ा वर्ग) जाति की है, ने धनगर (अनुसूचित जाति) का फर्जी जाति प्रमाण पत्र लगाकर गलत तरीके से चुनाव में नामांकन कराया है। शिकायत पर जांच चल रही थी। जिला स्तरीय जांच कमेटी द्वारा यह जांच की गई। जांच में आरोप सही मिलने पर डीएम ने मुन्नी देवी को प्रधान पद से हटा दिया है। अब इस सीट पर दोबारा चुनाव होगा। चुनाव होने तक विकास कार्यों के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन किया जाएगा।
डीपीआरओ मनीष कुमार के अनुसार प्रधान को हटा दिया गया है। अब गांव में चुनाव होने तक विकास कार्यों के लिए समिति बनाई जाएगी। निवर्तमान प्रधान के विरुद्ध धोखाधड़ी के मामले में कार्रवाई भी होगी। उन्होंने बताया कि आरोपी ने धनगर जाति का फर्जी प्रमाण पत्र लगाया था, जबकि तहसील से इस जाति का कोई प्रमाण पत्र जारी नहीं किया गया है।