ज्ञानपुर। त्योहारी सीजन खत्म होने के बाद अब सोमवार से शादियों का सीजन शुरू हो जाएगा। इससे बाजारों में रौनकता आने लगी है। लोग अपने जरूरत के हिसाब से खरीदारी शुरू कर दिए हैं। शादी विवाह का शुभ लग्न 13 दिसंबर तक चलेगा। इसके बाद खरमास लग जाने से एक माह तक वैवाहिक कार्यक्रम नहीं होंगे। जिले में कोरोना का भय खत्म होने से 15 नवंबर से शुरू होने वाले वैवाहिक कार्यक्रम के लिए शादी घर पूरी तरह से सज गए है। बैंडबाजा, डीजे फूल और मैरिज हाल संचालक पिछले वर्ष हुए नुकसान की भरपाई करने में जुटे है। सोमवार को प्रबोधिनी, देवोत्थान एकादशी है। पौराणिक कथाओं और मान्यताओं के अनुसार इस दिन भगवान विष्णु पाताल में विश्रामकाल पूरा करने के बाद क्षीर सागर से निकलकर सृष्टि का संचालन शुरू करते है। यही वजह है कि देवोत्थानी एकादशी से शुभ कार्य शुरू हो जाता है। वैवाहिक मुहूर्त 15 नवंबर से शुरू होकर 13 दिसंबर को समाप्त होगा। नवंबर दिसंबर में कुल 13 से 16 दिन वैवाहिक मुहूर्त है। इसके बाद 2022 में मुहूर्त है।
कोरोना काल के दो साल में वैवाहिक कार्यक्रमों में ल्रगे प्रतिबंधों के चलते लोग खुलकर अपनी खुशियों का इजहार नहीं कर पा रहे थे। लेकिन सोमवार से शुरू होने वाले वैवाहिक मुहूर्त में लोगों को खुली छूट मिलेगी। इससे बरातियों को जहां दिल खोलकर नाचने की छूट मिलेगी वही शादी में प्रतिभाग करने वालों की संख्या आयोजकों की इच्छा पर निर्भर है। आचार्य पं. शरद पांडेय ने बताया कि वैवाहिक सीजन 15 नवंबर से शुरू होकर 13 दिसंबर को समाप्त होगा। पहली लग्न 19 से शुरू होगी। नवंबर, दिसंबर में कुल 13 से 16 दिन वैवाहिक मुहूर्त है। इसके बाद 2022 में मुहूर्त है।