ज्ञानपुर। डीजल और पेट्रोल के बढ़ते दामों को लेकर आम जन में नाराजगी बढ़ती जा रही है। रविवार को नाराज नागरिकों ने जिला पंचायत कार्यालय के समीप सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। सरकार से मांग किया कि महंगाई पर नियंत्रण करने के साथ ही पेट्रोल और डीजल के दाम को बढ़ने से रोका जाए। चेतावनी दी कि इस पर निर्णय नहीं लिया गया तो आम जनता सड़क पर उतरने के लिए बाध्य होगी।
रविवार को बाबू भाई, प्रदीप पांडेय के नेतृत्व में दर्जन भर से अधिक लोगों ने जिला पंचायत कार्यालय के सामने विरोध जताया। वक्ताओं ने कहा कि 2014 में अच्छे दिनों का वादा कर केंद्र की सत्ता में बीजेपी आई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जनता को काफी उम्मीदें थी लेकिन एक भी उम्मीद पूरी नहीं हो सकी। सरकार न तो महंगाई पर अंकुश लगा सकी और न ही पेट्रोल, डीजल के दामों पर। पेट्रोल 102 रूपये प्रति लीटर के पार पहुंच गया है तो डीजल के दाम भी बेतहाशा बढ़ रहा है। इससे किसान, व्यापारी, उद्यमी हर वर्ग बेहाल है। पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ने से घरेलू सामानों के दाम भी बढ़ चुके हैं। पहले से ही महंगाई की मार सह रहे लोगों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ेगा। महंगाई को लेकर सरकार कोई ठोस रणनीति नहीं बनाएगी तो आने वाले विधानसभा चुनाव में स्थिति ठीक नहीं होगी। महंगाई और भ्रष्टाचार के चलते ही कांग्रेस को सत्ता से जाना पड़ा अगर सरकार इस पर निर्णय नहीं लेगी तो उसे भी सत्ता से बेदखल होना पड़ेगा। प्रदर्शन में रोहित रावत, सुभाष चंद्र पांडेय, विजय कुमार यादव, विकास तिवारी, मो. अशफाक, बुद्धिराम चौधरी आदि रहे।