प्रकरण में भुक्तभोगी ने पुलिस के उच्चाधिकारियों को शिकायती पत्र भेजा और दूसरे दिन ही मुख्यमंत्री के पोर्टल पर भी शिकायत की। मामला हाईप्रोफाइल होने पर पुलिस ने उसके लड़के को लूट में गिरफ्तारी कर घर से लूटे सामान की बरामदगी दिखा दी। इस मामले में मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत ने सुनवाई के लिए 24 अगस्त की तारीख नियत की।