बस्ती। रूट सिस्टम के विरोध में सीटू के नेतृत्व में ई-रिक्शा चालकों ने शहर में जोरदार प्रदर्शन किया। चालक गांधीनगर इलाके में नारेबाजी करते हुए जुलूस की शक्ल में निकले और प्रशासन के खिलाफ गुस्सा जाहिर किया।
ई-रिक्शा चालकों का कहना है कि नए रूट सिस्टम से उनकी रोज़ी-रोटी पर संकट आ जाएगा। उनका आरोप है कि तय रूट के बाहर मिलने वाली सवारी से उन्हें रोज़ाना की आमदनी पूरी होती है, लेकिन प्रशासन की पाबंदी से उनकी आय घट जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि पहले से बढ़े हुए खर्च की वजह से वैसे ही हालात खराब हैं, ऊपर से यह नया नियम उन्हें कर्ज में डूबो देगा। वहीं, टैक्सी यूनियन के एक गुट के अध्यक्ष हारुन ने इस आंदोलन से दूरी बना ली। उन्होंने साफ कहा कि वे रूट सिस्टम के पक्ष में हैं और किसी भी तरह के विरोध का हिस्सा नहीं होंगे। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि रूट सिस्टम लागू करने का मकसद शहर में जाम की समस्या को कम करना और ट्रैफिक व्यवस्था सुधारना है। संवाद