तेज हवा के साथ हुई थी बारिश
- फोटो : अमर उजाला
आज भी हल्की बारिश के आसार
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ विशेषज्ञ अतुल कुमार के मुताबिक पश्चिमी विक्षोभ का असर रुहेलखंड क्षेत्र में मंगलवार को भी जारी रहने की संभावना है। गरज, चमक व तेज हवा के साथ हल्की बारिश के आसार हैं। इससे दिन और रात के तापमान में और गिरावट हो सकती है। सोमवार को अधिकतम तापमान सामान्य से चार डिग्री कम 28.4 डिग्री और न्यूनतम सामान्य स्तर पर 20.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।
वायरल और मच्छरजनित रोगों के बढ़ने की आशंका
जिला अस्पताल के वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. आरके गुप्ता के मुताबिक बेमौसम बारिश से एक बार फिर जगह-जगह जलभराव और कीचड़ की स्थिति बन गई है जो मच्छरों के लार्वा पनपने के लिए अनुकूल है। इसके अलावा डायरिया, सर्दी-जुकाम, बुखार व अन्य वायरल बीमारियों की चपेट में आने की आशंका है। बच्चे और बुजुर्गों को सेहत का विशेष ध्यान रखना होगा। सुबह-शाम घर में रहें। खानपान पौष्टिक रखें।
शाम तक ठीक हुए फॉल्ट
सुभाषनगर, सदर कैंट, कुतुबखाना, जगतपुर, शाहदाना, किला, हरुनगला, मढ़ीनाथ, सिविल लाइंस प्रथम, द्वितीय, तृतीय, रामपुर गार्डन सबस्टेशन जुड़े एक लाख से अधिक उपभोक्ताओं की बिजली आपूर्ति सोमवार दोपहर आंधी की वजह से ठप हो गई। सिविल लाइंस में एक घंटे बाद आपूर्ति बहाल हो गई, लेकिन सुभाषनगर और सदर कैंट में कई स्थानों पर पेड़ की डालें गिरने से तार टूट गए। लाइनें क्षतिग्रस्त हो गईं और पांच घंटे से अधिक देर तक आपूर्ति ठप रही।
ये भी पढ़ें- मालिक के प्यार में पागल मेड: संबंध के बीच में मां बन रही थी रोड़ा, दोनों ने मिलकर कर दी हत्या; ऐसे खुला राज
सिविल लाइंस स्थित 132 केवी सबस्टेशन से 33 केवी के 15 फीडरों पर आपूर्ति की जाती है। अधिकतर फीडर दोपहर डेढ़ से ढाई बजे तक बंद रहे। आंधी थमी तो लाइनों को देखा गया। सदर कैंट में कई स्थानों पर लाइन क्षतिग्रस्त हुई थी। इसलिए दोपहर 1.19 से शाम 7.25 बजे तक आपूर्ति ठप रही।
विद्युत वितरण खंड प्रथम के अधिशासी अभियंता अमित आनंद ने बताया कि पारेषण से ही आंधी आने पर आपूर्ति बंद कर दी गई थी। कई फीडर ट्रिप कर गए थे, लेकिन सदर कैंट और सुभाषनगर में पेड़ की डालें गिरीं थीं। कर्मचारियों को लगाकर लाइनों को ठीक कराया गया और शाम तक आपूर्ति बहाल करा दी गई।