बरेली में मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के तहत एक शातिर ने बैंक से 25 लाख रुपये का लोन लिया और किसी अन्य का प्लॉट बैंक के पास बंधक रख दिया। लोन जमा न होने पर धोखाधड़ी का खुलासा हुआ। बैंक के मुख्य प्रबंधक ने प्रेमनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
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निजी बैंक की राजेंद्र नगर शाखा में मुंशीनगर निवासी आशीष जिंदल ने लोन के लिए आवेदन किया था। गारंटी के तौर पर आशीष ने बिहारमान नगला स्थित 65 गज के प्लॉट को बंधक रखा था। बैंक ने 25 लाख का लोन पास कर दिया। वर्ष 2019 तक आशीष ने लोन की किश्त जमा की। इसके बाद आशीष का खाता अनियमित हो गया।
सरफेसी अधिनियम के तहत कार्रवाई करने के लिए बंधक रखी गई। संपत्ति की जांच की गई तो पता चला कि प्लॉट शकील अहमद के नाम है। लेखपाल से भी जांच कराई गई तो बंधक रखी गई जमीन नहीं मिल सकी। आशीष जिंदल ने धोखाधड़ी कर दूसरे की जमीन का मूल्यांकन कराकर लोन लिया था। बैंक के मुख्य प्रबंधक ने प्रेमनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।