बरेली। स्पेशल जज पाक्सो एक्ट रामानंदन ने किशोरी से दुष्कर्म में दोषी को 20 साल कैद और 55 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माने की राशि किशोरी को प्रतिपूर्ति के रूप में दी जाएगी। जुर्माना अदा न करने पर दोषी को दो साल अतिरिक्त सजा काटनी होगी।
इज्जतनगर के एक गांव के युवक भोजीपुरा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप था कि उसकी 14 साल की बहन 28 मई 2014 की रात आठ बजे शौच के लिए गई थी। इसके बाद वह घर नहीं लौटी। काफी तलाश करने के बाद 31 मई को वह हाफिजगंज थाने के गांव खाता के एक घर में मिली। पीड़िता ने बयान में पुलिस को बताया कि वह शौच करके लौट रही थी। रास्ते में गांव के ही विकास ने आसपुर पीतमराय निवासी वीरेंद्र और लाल बहादुर व हाफिजगंज के गांव खाता के एक युवक के साथ उसे अगवा कर लिया था। बाइक से उसे खाता गांव लेकर गए। वहां विकास ने उसके साथ दुष्कर्म किया। पुलिस ने 14 अक्तूबर 2014 को आरोप पत्र दाखिल कर दिया। सुनवाई के दौरान अभियोजन की ओर से छह गवाह पेश किए गए। विवेचना और सुनवाई के दौरान सामने आया कि खाता गांव के जिस आरोपी के घर से किशोरी मिली, वह नाबालिग है। उसकी पत्रावली को जुवनाइल कोर्ट भेज दिया गया। अन्य की सुनवाई स्पेशल जज पाक्सो एक्ट ने की। साक्ष्यों और गवाहों के अभाव में कोर्ट ने वीरेंद्र और लाल बहादुर को दोषमुक्त कर दिया। दोषी विकास को कैद व जुर्माने की सजा सुनाई। संवाद