पुलिस वालों से कहा- पगार न मिलने से खाने पीने के पड़ गए हैं लाले
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मानसिक मंदित होने की बात पता चलने पर पुलिस ने समझाकर वापस भेजा
हाफिजगंज। उत्तर प्रदेश पुलिस की वर्दी में सोमवार दोपहर थाने पहुंची एक महिला के पगार मांगने पर पुलिसकर्मी अचरज में पड़ गए। महिला का कहना था कि वह तीन महीने लगातार ड्यूटी कर रही है, उसकी वजह से छेड़छाड़ की घटनाओं में कमी आई है, लेकिन अब तक उसे पगार नहीं मिली है। इस वजह से उसे गुजर बसर करने में दिक्कत हो रही है। पहले तो पुलिस वाले समझ नहीं पाए कि महिला कौन है। बाद में जब उन्हें पता चला कि वह मानसिक मंदित है तो उसे समझाकर किसी तरह थाने से वापस भेजा।
हाफिजगंज इलाके के गांव पंडरी नौमहला की रहने वाली 55 वर्षीय सुगंधा देवी मानसिक मंदित हैं। पुलिस में नौकरी करने का उन पर ऐसा जुनून चढ़ा कि खुद ही वर्दी खरीद लाई और उसे पहनकर तीन महीने से बैंक, अस्पताल और सार्वजनिक स्थानों पर ड्यूटी कर रही हैं। इन स्थानों पर वह लड़कों का जमघट नहीं लगने देतीं, इससे लड़कियों के साथ छेड़छाड़ की घटनाएं कम हुई हैं। सोमवार दोपहर अचानक वह हाफिजगंज थाने पहुंच गईं और पुलिस वालों से कहा कि वह तीन महीने से इलाके में गश्त के साथ ही ड्यूटी कर रही हैं, लेकिन अब तक उन्हें पगार नहीं मिली है, जिससे जीवन यापन करने में उन्हें परेशानी हो रही है। उन्होंने पुलिस वालों को अपनी व्यथा सुनाते हुए उनसे वेतन मांगा। पहले तो पुलिस वाले कुछ समझ नहीं पाए बाद में सुगंधा के मानसिक मंदित होने की बात पता चली तो उन्हें समझाकर किसी तरह वहां से भेजा।