निगोही में दस साल की बालिका ने सपने में देखा कि जमीन में मूर्ति दबी हुई है। शुक्रवार सुबह परिवार के लोग दरगाह के पास खोदाई करने के लिए पहुंच गए। खोदाई करने पर दूसरे समुदाय के लोगों ने विरोध किया। खोदाई में मूर्ति मिल गई, जिसे खेत में स्थापित करने के साथ ही पूजा-अर्चना शुरू कर दी गई है।
क्षेत्र के गांव चक सफौरा निवासी विनोद सिंह की बेटी पूजा ने जिंदपुरा गांव की नहर के पास मुड़िया बाबा की मजार के करीब मूर्ति जमीन में दबी होने का सपना देखा था। उसने परिजनों को बताया था। उन्होंने कोई संज्ञान नहीं लिया। पिछले सात दिन से पूजा ने खाना-पीना बंद कर दिया। उसकी बात पर विश्वास कर परिजन व ग्रामीण दरगाह के पास पहुंच गए। बेटी के बताए स्थान पर दरगाह से 30 मीटर दूरी पर पूजा-अर्चना करने के बाद खोदाई शुरू कर दी।
इस बीच गांव के लोगों की भारी भीड़ लग गई। सूचना पर दरगाह के केयरटेकर गुड्डू मियां उर्फ मोहम्मद आमिर भी पहुंच गए। उन्होंने खोदाई का विरोध शुरू कर दिया। काफी देर तक नोकझोंक होती रही। दोनों पक्षों की ओर से लोग इकट्ठा हो गए। तब भी खोदाई जारी रही। थोड़ी सी खोदाई के बाद देवी की मूर्ति मिली है। इसे विनोद ने दरगाह से ढाई किलोमीटर दूर अपने खेत में स्थापित कर दिया है। शनिवार को वहां भंडारा भी किया। लोगों ने मूर्ति की पूजा-अर्चना शुरू कर दी है। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस फोर्स तैनात कर दिया गया है।
विनोद के साथ बेटी पूजा सज-धजकर मौके पर पहुंची थी। उसने त्रिशूल से उस स्थान के पास लाइन खींच दी, जहां पर खोदाई होनी थी। उससे पहले पूजन किया। पूरे मामले का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा। केयर टेकर की सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला था। दरगाह के पास सुरक्षा के लिहाज से पुलिस तैनात कर दी गई है। मौके पर शांति व्यवस्था है।