फोन पर बताया गया कि रुपये देने के बाद तुरंत ऑपरेशन संभव होगा। हालांकि, पुलिस कर्मचारियों ने बताया कि ये रुपये बाद में अस्पताल द्वारा वापस कर दिए जाएंगे। अगले दिन रविवार होने की मजबूरी बताई। आरोप है कि इलाज के लिए रकम न देने पर सत्यपाल की रविवार दोपहर दो बजे मौत हो गई। पुष्पा देवी की ओर से सीएम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई है।
जिला जेल के जेलर शैलेश सिंह ने बताया कि सत्यपाल के इलाज को लेकर जेल प्रशासन गंभीर रहा है। उसके निधन के बाद भी जेल प्रशासन ने पांच हजार रुपये की एंबुलेंस करके परिवार की मदद की। आरोप निराधार हैं।