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ब्रोशर से मिलेगी नई शिक्षा नीति के तहत प्रवेश की जानकारी

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MJP Rohilkhand university
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महाविद्यालयों को प्रवेश प्रक्रिया से लेकर पाठ्यक्रम तय करने में राहत
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रुहेलखंड विश्वविद्यालय की वेबसाइट से डाउनलोड कर सकते हैं ब्रोशर

बरेली। अबकी बार रुहेलखंड विश्वविद्यालय ने संबद्ध महाविद्यालयों को नई शिक्षा नीति के तहत सेमेस्टर प्रणाली के पाठ्यक्रमों में प्रवेश लेने के निर्देश दिए हैं। महाविद्यालय प्रशासन को नए नियमों के तहत प्रवेश प्रक्रिया संपन्न कराने का असमंजस दूर करने के लिए कुलपति प्रो. केपी सिंह के निर्देश पर ब्रोशर जारी कर वेबसाइट पर अपलोड कर दिया गया है।
शैक्षिक सत्र 2021-22 के लिए रुहेलखंड विश्वविद्यालय ने नई शिक्षा नीति के तहत ही सभी संबद्ध महाविद्यालयों को प्रवेश प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए हैं। ब्रोशर में नई शिक्षा नीति के तहत प्रवेश की जानकारी के साथ ही, नई शिक्षा नीति के तहत प्रवेश प्रक्रिया के दिशानिर्देश भी दर्ज हैं। ताकि प्रवेश में किसी तरह की दिक्कत महाविद्यालयों को न हो। ब्रोशर को वेबसाइट पर अपलोड कर दिया गया है। बताते हैं कि प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने के दौरान कई महाविद्यालयों ने विश्वविद्यालय प्रशासन से नई शिक्षा नीति के तहत स्पष्ट निर्देश जारी न होने की शिकायत की थी।
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बता दें कि विश्वविद्यालय ने यूजीसी के निर्देश के बाद 12वीं के परिणाम जारी होने पर 31 जुलाई को प्रवेश प्रक्रिया शुरू करने का शेड्यूल जारी किया था। शेड्यूल में नई शिक्षा नीति के तहत प्रवेश के बारे में जानकारी दर्ज नहीं थी। इसे लेकर महाविद्यालयों ने आपत्ति दर्ज कराई थी। उन्होंने अलग विषय किस तरह से देने हैं, इसकी जानकारी होने से इनकार किया था। शिक्षकों ने कुलपति से भी मुलाकात कर सवाल उठाए थे।

च्वॉइस बेस्ड क्रेडिट सिस्टम लागू

सेमेस्टर प्रणाली के तहत शुरू होने वाले शैक्षिक सत्र में सम और विषम सेमेस्टर होंगे। च्वॉइस बेस्ड क्रेडिट सिस्टम लागू होगा। पाठ्यक्रम, सीजीपीए, ग्रेड प्वॉइंट, सेमेस्टर ग्रेड प्वॉइंट को लेकर भ्रम न रहे, इसलिए ब्रोशर में सब अलग दर्ज है। एक सेमेस्टर में 15 से 18 सप्ताह शैक्षिक कार्य होगा। छात्रों को तीन प्रमुख विषयों में से दो अपने संकाय से चुनने ही होंगे। तीसरा प्रमुख विषय भी अपने संकाय या फिर अन्य संकाय से ले सकते हैं।

प्रभावी होगी एंट्री-एग्जिट पॉलिसी

स्नातक में एंट्री और एग्जिट पॉलिसी नई शिक्षा नीति के तहत लागू होगी। महाविद्यालय को तीसरे विषय में प्रवेश लेने की जानकारी देनी होगी, ताकि अपने यहां की सीटों के आधार पर वे प्रवेश ले सकें। एक अतिरिक्त विषय या पेपर का चयन भी सीटों के आधार पर ही होगा। वोकेशनल कोर्स की जानकारी भी महाविद्यालयों को देनी होगी। जहां वोकेशनल कोर्स नहीं होंगे, वहां यूजीसी, स्वयं, एमओओसीएस पोर्टल से ऑनलाइन करा सकेंगे।

प्रत्येक प्रक्रिया की अलग जानकारी

वेबसाइट पर अपलोड प्रवेश प्रक्रिया का ब्रोशर 29 पन्नों का है। इसमें विश्वविद्यालय परिसर के सभी विभाग और महाविद्यालयों की संख्या दर्र्ज है। नई शिक्षा नीति को विश्वविद्यालय में लागू करने और इसी के तहत विश्वविद्यालय और निदेशालयों की जानकारी भी है। विश्वविद्यालय परिसर समेत महाविद्यालयों में संचालित पाठ्यक्रमों समेत किस कक्षा में किस तरह से प्रवेश होगा, यह भी बताया गया है।
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