बरेली। हादसे रोकने के लिए लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने आठ ब्लैक स्पॉट चिह्नित कर वहां कुछ काम कराए जाने की कार्ययोजना तैयार की है। चार तरह के काम कराने के लिए दो करोड़ रुपये का प्रस्ताव बनाकर मुख्यालय को भेजा है। इन स्थानों पर टेबल टॉप, थर्मो प्लास्टिक पेंट, साइन बोर्ड लगाने समेत टी-जंक्शन का चौड़ीकरण कराया जाना शामिल है। हालांकि अभी प्रस्ताव को मंजूरी मिलने का इंतजार है। वहीं इस प्रस्ताव पर अमर उजाला ने रविवार को शहर के लोगों से बात की, तो उन्होंने कहा कि अधिकारी सिर्फ प्लान न बनाएं, सड़क पर काम दिखाएं।
इन स्थानों पर होना है काम अनुमानित लगात
बड़ा बाइपास से सेटेलाइट मार्ग 30 लाख
मिनी बाइपास रोड 31 लाख
नबाबगंज दलेलनगर बहरजागीर मार्ग 36 लाख
भिटौरा बहेड़ी मार्ग 18 लाख
आंवला अलीगंज गैनी मार्ग 9 लाख
आंवला बदायूं मार्ग 4.4 लाख
गैनी अखा मार्ग 4.4 लाख
रंपुरा अलीगंज सिरौली मार्ग 9 लाख
यहां भी ध्यान देने की जरूरत
चौकी चौराहे से होकर अधिकारी-कर्मचारी और जनप्रतिनिधि सभी गुजरते हैं लेकिन सुरक्षित सफर के लिए खतरा बने गड्ढे को भरवाने पर किसी का ध्यान नहीं है। आसपास के लोगों ने बताया कई बार-बार स्कूटी और बाइक असंतुलित होने पर लोग गिरे हैं।
सिटी स्टेशन रोड पर रेलवे स्टेशन से किले की ओर मुख्य मार्ग के डिवाइडर पर कई जगह अवैध कट बनाए गए हैं। इसकी वजह से हादसे का खतरा है लेकिन सड़क सुरक्षा के दावे करने वाले अफसर गौर नहीं कर रहे हैंं। पैदल और बाइक सवार रविवार को दोपहर अवैध कट से होकर निकलते दिखाई पड़े।
सिटी स्टेशन के मार्ग का चौड़ीकरण कराया गया लेकिन सीमेंट से तैयार खंभा नहीं हटाया गया। कई लोग रात के वक्त खंभे से टकरा चुके हैं। रविवार को दोपहर लोग बचकर निकलते दिखाई पड़े। आसपास के लोगों का कहना था कि दिन में तो बचकर निकल जाते हैं। रात में ज्यादा खतरा रहता है।
श्यामगंज पुलिस चौकी के सामने ही सड़क पर डिवाइडर पलटा पड़ा है। ट्रैफिक पुलिस हो या फिर नगर निगम के अधिकारी देखते हैं और आगे बढ़ जाते हैं।
लोगों की बात
सड़क सुरक्षा के कागजी दावों की हकीकत सबके सामने है। गड्ढे जानलेवा हो सकते हैं। इससे कोई इन्कार नहीं करता लेकिन गड्ढा भरने के नाम पर सिर्फ खानापूरी हो रही है। चौकी चौराहे पर इसे आप खुद देख सकते हैं।
विपिन कुमार गुप्ता, चौकी चौराहा
शहर में ऐसी कोई सड़क नहीं है, जहां पर सड़क सुरक्षा संबंधी उन मानकों का पालन किया जा रहा हो जिनसे हादसे रुक सकते हैं। तांगा स्टैंड के सामने सड़क धंसी तो 48 घंटे बाद भी कोई देखने नहीं पहुंंचा। सड़कों सफेद पट्टी धुंधली पड़ गई। -नवदीप सिंह, माल गोदाम रोड
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सड़क सुरक्षा के उपायों पर अमल एक सतत प्रक्रिया है। अब जो काम कराए जाने हैं उसके लिए कार्ययोजना तैयार हो गई है। प्रस्ताव मुख्यालय भेजा गया है। स्वीकृति मिलते ही काम कराए जाएगे।
- अजय कुमार, मुख्य अभियंता, लोक निर्माण विभाग
अमर उजाला ब्यूरो