फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चार लॉट एडवांस चावल फेल, उठान ठप, धान खरीद पर संकट

विज्ञापन
विज्ञापन
बाराबंकी। एफसीआई की मनमानी धान खरीद पर भारी पड़ने लगी है। राइस मिलों से एडवांस में भेजा गया तीन लाट चावल फेल कर दिए जाने से राइस मिल मालिकों ने धान की उठान से हाथ खड़े कर दिए हैं। जिससे सरकारी क्रय केंद्रों पर धान डंप होता जा रहा है। इसका सीधा असर धान की खरीद पर पड़ने लगा है। उठान न होने से क्रय केंद्र प्रभारी भी धान की खरीद करने से कतराने लगे हैं जबकि किसान अपने धान की तौल कराने के लिए क्रय केंद्रों के चक्कर काट रहा है।
विज्ञापन

जिले में अब तक 63 केंद्रों के माध्यम से 8000 मीट्रिक टन धान की खरीद की जा चुकी है। खरीदे गए धान की कुटाई के लिए 52 राइस मिलों को अटैच किया गया है। अटैचमेंट के बाद राइस मिलों ने 1700 एमटी धान की उठान भी कर ली है। लेकिन जब एडवांस चावल देने का समय आया तो एफसीआई ने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, अब तक एफसीआई को 11 लाट एडवांस चावल राइस मिलों द्वारा भेजा गया लेकिन इसमें से तीन लाट चावल मानक विहीन बताकर फेल कर दिया गया। एफसीआई द्वारा चावल फेल किए जाने के बाद राइस मिल मालिकों ने सरकारी केंद्रों से धान की उठान करने से हाथ खड़े कर दिए हैं।
विज्ञापन

मिल मालिकों का कहना है कि उठाए गए धान की कुटाई करने के बाद यदि एफसीआई चावल नहीं लेगी तो फिर वह सरकारी चावल लेकर कहां जाएंगे। इसलिए जब तक एफसीआई चावल लेना शुरू नहीं कर देती है तब तक धान की उठान कर पाना संभव नहीं है। एफसीआई की इस मनमानी के कारण मिलों को भेजे गए धान लदे ट्रक राइस मिलों पर खड़े हुए हैं।
ट्रकों के अनलोड न होने के कारण क्रय केंद्र प्रभारी भी धान की खरीद से कतराने लगे हैं। इससे किसानों को धान की तौल कराने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वह धान की तौल कराने के लिए क्रय केंद्रों के चक्कर काट रहा है लेकिन उसकी समस्या का हल नहीं निकल पा रहा है।
किसी तरह धान कूटने को तैयार हुए थे राइस मिल मालिक
धान की कुटाई से हाथ खड़े करने वाले राइस मिल मालिक किसी तरह से धान कूटने को तैयार हुए। तय हुआ कि एडवांस लाट देने के साथ ही सरकारी क्रय केंद्रों से धान की उठान शुरू कर दी जाएगी और उठान शुरू भी कर दी। लेकिन एफसीआई द्वारा तीन लाट चावल फेल किए जाने के बाद राइस मिल मालिकों में हड़कंप मच गया है। आरोप है कि एफसीआई की मांग पूरी न करने से चावल को मानक विहीन बता फेल किया जा रहा है।
सरकारी धान की उठान में तेजी आने लगी थी लेकिन एफसीआई ने तीन लाट एडवांस चावल फेल कर दिए जाने के बाद धान की उठान और भेजे गए धान का अनलोड करने से हाथ खड़े कर दिए हैं। एफसीआई के अधिकारियों और राइस मिल मालिकों से बात की जा रही है। जिससे धान की खरीद प्रभावित न हो।
-रमेश कुमार, जिला खाद्य विपणन अधिकारी
एफसीआई के मानक पर जो चावल खरा उतर रहा है उसे अनलोड कर लिया जा रहा है। जो चावल की लाट एडवांस में आई है उनका एनालिसिस कराया जा रहा है, जांच रिपोर्ट पूरी होने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।
विज्ञापन

-लारेब, डिपो मैनेजर एफसीआई
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें