बाराबंकी। साहब प्रमाणपत्र पर दिव्यांगता का प्रतिशत कम दिखाए जाने से पेंशन व अन्य लाभ नहीं मिल रहा है। एक वृद्ध ने संपूर्ण समाधान दिवस में डीएम को यह समस्या सुनाई। हैदरगढ़ में कई माह बाद संपूर्ण समाधान दिवस में पहुंचे डीएम डा.ॅ आदर्श सिंह व एसपी यमुना प्रसाद को अपनी फरियाद सुनाने के लिए भारी भीड़ जुटी। जिले की समस्त तहसीलों में आयोजित समाधान दिवस में कुल 635 मामले पहुंचे जिनमें से महज 33 का ही निस्तारण किया जा सका।
शनिवार को हैदरगढ़ में संपूर्ण समाधान दिवस की अध्यक्षता डीएम डॉ. आदर्श सिंह ने की। सुबह से फरियादियों की कतार लग गई। मात्र 165 शिकायतें पंजीकृत हो सकीं जिनमें से मात्र छह का ही निस्तारण हो सका। भागीखेरा की पूनम ने कहा कि साहब पति के नाम आवंटित आवास प्रधान व ब्लॉक कर्मी ने मिलीभगत करके इसी नाम के अपात्र को दिला दिया है। छप्पर के नीचे चार बच्चों का पालन-पोषण तकरने में दिक्कत हो रही है।
भवनियापुर की वंदना ने आवंटित आवास के लाभ से वंचित किए जाने का दुख सुनाया। खैराबीरू की शिवकुमारी ने बैनामा की भूमि पर गांव के लोगों पर अवैध कब्जा करने का आरोप लगाया। कहा कि विरोध पर लाइसेंसी बंदूक से जान से मारने की धमकी देते हैं।
हरिपालपुर प्रधान सत्यदेव ने पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से सुबेहा रजहा नहर पटरी पर आवागमन बाधित होने से हो रही समस्या सुनाई। अंदऊमऊ की रामावती के पति की मृत्यु के बाद पारिवारिक सहायता की धनराशि डेढ़ साल पहले गलत खाते में चली गई थी। पहले कई बार शिकायत की लेकिन सुनवाई नहीं हुई।
विभागीय कर्मियों व बिचौलियों की निगरानी के कारण कई प्रार्थनापत्र नदारद हो गए। समाधान दिवस में गेरांवा के महेंद्र प्रताप सिंह लेखपाल द्वारा सुविधा शुल्क लिए जाने तथा कादीपुर के राजाराम राशनकार्ड पर नाम गलत होने की शिकायत करने पहुंचे थे। इनके सहित कई शिकायती प्रार्थनापत्र रजिस्ट्रेशन के दौरान नदारद हो गए।
तमाम लोगों से शिकायतें लेकर सुनवाई होने का आश्वासन देकर बाहर से ही लौटा दिया गया। तहसील कार्यालय के निरीक्षण के दौरान डीएम ने तहसीलदार को कड़ी फटकार लगाई। डीएम ने आरके कार्यालय का निरीक्षण किया। तहसीलदार न्यायालय में ताला बंद होने तथा गंदगी को देख डीएम ने फटकार लगाई।