युवा विचार गोष्ठी को संबोधित करते तेलांगना सरकार के मंत्री प्रकाश राव।
- फोटो : BANDA
बांदा। बुंदेलखंड के नवजवान गांव-गांव अहिंसात्मक आंदोलन कर वर्ष 2027 तक बुंदेलखंड राज्य बनवा सकते हैं। तेलांगना राज्य के लिए हुए आंदोलन में तेलांगना राष्ट्र समिति के एक हजार से ज्यादा लोग मारे गए थे। लेकिन बुंदेलखंड राज्य के लिए यहां अहिंसात्मक आंदोलन किया जाएगा। यह बात तेलांगना राज्य सरकार के कैबिनेट मंत्री और तेलांगना राष्ट्र समिति के सह संस्थापक प्रकाश राव ने रविवार को बुंदेलखंड राज्य निर्माण मुद्दे पर आयोजित युवा विचार गोष्ठी में व्यक्त किए।
शहर के एक गेस्ट हाउस में आयोजित गोष्ठी में शामिल होने तेलांगना सरकार के मंत्री राव ने कहा कि तेलांगना राज्य के लिए हमारे कार्यकर्ता लड़ रहे थे। उसमें कुछ आंदोलन हिंसात्मक हो गए थे। लेकिन बुंदेलखंड के नवजवान अहिंसा के रास्ते पर चलकर राज्य निर्माण कराएं। उन्होंने कहा कि हर महीने वह इस आंदोलन के लिए बुंदेलखंड में आने को तैयार हैं। अलग राज्य बनने से तेलांगना खुशहाल और समृद्धि के रास्ते पर चल पड़ा है।
बुंदेलखंड किसान यूनियन राष्ट्रीय अध्यक्ष विमल कुमार शर्मा ने कहा कि बुंदेलखंड राज्य के लिए उनका संगठन गांव-गांव आंदोलन करेगा। बुंदेलखंड राज्य के लिए प्राण भी देना पड़े तो पीछे नहीं हटेगा। बुंदेलखंड किसान यूनियन राष्ट्रीय महामंत्री अनिल शर्मा ने कहा कि वह मीडिया और पत्रिका के माध्यम से बुंदेलखंड के बाशिंदों को अलग राज्य के लिए जगाएंगे। इसमें नवजवानों को जोड़ा जाएग
ा। संजय सिंह ने भी संबोधित किया। गोष्ठी का संचालन यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनिल मिश्रा ने किया। इस दौरान योगेंद्र शुक्ला, अनूप सिंह, राजा मनीष तिवारी, जयराम सिंह (बछेउरा), सोनू महाराज, पुष्पेंद्र पटेल, मोतीलाल द्विवेदी, लाला भइया यादव, आनंद राजपूत, अधिवक्ता आनंद सिन्हा, संजय काकोनिया, संजय निगम अकेला मौजूद रहे।