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शहीद की उपेक्षा पर सीआरपीएफ खफा

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CRPF angry over neglect of martyr - फोटो : BANDA
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बांदा। छत्तीसगढ़ में माओवादियों से लोहा लेते हुए शहीद हुए केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जवान की प्रशासन द्वारा अनदेखी पर सीआरपीएफ अधिकारियों को तेवर बदलने पड़े। शासनादेश के बावजूद शहीद को सम्मान न मिलने पर बल के दो अधिकारियों ने यहां आकर डीएम ने शिकवा शिकायत की। साथ ही बल के डीआईजी का पत्र सौंपा। बल अधिकारियों के साथ डिप्टी कलेक्टर शहीद के गांव पहुंचे और कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
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मुख्यालय से चंद किमी दूर लामा गांव निवासी विकास कुमार 10 फरवरी 2020 को छत्तीसगढ़ में माओवादियों से मुठभेड़ के दौरान शहीद हो गए थे। गांव में अंतिम संस्कार के दौरान परिजनों ने अधिकारियों से शिकायत की थी कि उनके घर की छत से हाईटेंशन बिजली लाइन गुजरी है। कभी भी कोई हादसा हो सकता है। अधिकारियों ने इसे हटाने का भरोसा दिलाया था।
शहीद की चिता की आग ठंडी होने के साथ में शहीद की विधवा व मां आदि को दिए गए आश्वासन भी ठंडे बस्ते में चले गए। अब तक कुछ नहीं हुआ। सोमवार को सीआरपीएफ के डिप्टी एसपी घनश्याम, एएसआई अरविंद कुमार सिंह बांदा आए। वह साथ में अपने डीआईजी प्रभाकर त्रिपाठी का पत्र लाए थे। डीएम को संबोधित इस पत्र में डीआईजी ने प्रदेश सरकार के शासनादेश का हवाला देकर कहा कि शहीद सैनिक का गांव शहीद ग्राम घोषित होना चाहिए।
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उसके घर तक पक्का मार्ग बनवाकर इसे गौरव पथ नाम दिया जाना चाहिए। गांव में तोरण द्वार और शहीद सैनिक की मूर्ति स्थापित करने का भी प्रावधान है। डीआईजी ने शहीद के परिजनों द्वारा दी गई अर्जी के अनुसार घर के ऊपर से निकली एचटी लाइन हटवाने और शहीद की विधवा नंदिनी देवी को अनुकंपा नियुक्ति दिए जाने का भी हवाला देकर कहा कि अभी तक इन कार्यों के बारे में कोई सूचना नहीं मिली है।
सीआरपीएफ के दोनों अधिकारी कलक्ट्रेट से डिप्टी कलक्टर सौरभ कुमार को अपने साथ शहीद के गांव लामा लेकर पहुंचे। डिप्टी कलेक्टर ने शहीद की विधवा नंदिनी देवी और मां कैलशिया देवी को भरोसा दिलाया कि घर के ऊपर से एचटी लाइन शीघ्र हटेगी। तोरण द्वार और घर तक सड़क बनेगी। डिप्टी कलेक्टर ने ग्राम प्रधान विनोद वर्मा को बुलाकर सड़क, तोरण द्वार निर्माण के निर्देश दिए। सीआरपीएफ अधिकारियों ने विधवा को स्टेट बैंक में जमा 3 लाख रुपये का प्रमाण पत्र सौंपा। उधर, शहीद की मां ने बताया कि अधिकारी सिर्फ कहकर चले जाते हैं। कुछ नहीं कराते। घर तक बरसात में कीचड़ रहता है।

CRPF angry over neglect of martyr- फोटो : BANDA

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