बांदा। अपहरण और हत्या के आरोपी की जमानत अर्जी खारिज हो गई। उधर, लाठी-डंडों से पीटकर हत्या कर देने के आरोपी को भी जमानत नहीं मिली।
शहर कोतवाली के परशुराम तालाब मोहाल निवासी महिला ने 5 जुलाई 2021 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी पुत्री घर से लापता हो गई। पुलिस द्वारा ली गई तलाशी में पड़ोसी रानी पत्नी मूलचंद्र रैदास के घर से बेटी का रक्तरंजित शव बरामद हुआ। उसकी गला रेतकर हत्या की गई थी।
पुलिस ने रानी और उसके पति मूलचंद्र को जेल भेज दिया। तब से वह जेल ही में है। शुक्रवार को रानी की जमानत अर्जी पर सुनवाई हुई। सहायक अपर जिला शासकीय अधिवक्ता सुशील तिवारी और विशेष लोक अभियोजक मनोज दीक्षित ने जमानत अर्जी का विरोध किया। बचाव और अभियोजन की दलीलें सुनने के बाद प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश मोहम्मद अशरफ अंसारी ने आधार न पाते हुए जमानत अर्जी खारिज कर दी।
दूसरे मामले में बबेरू कोतवाली क्षेत्र के अहार गांव की उर्मिला ने बबेरू कोतवाली में अपने पति रामभवन की हत्या की 15 जून 2021 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। कहा था कि गांव के रामू पटेल ने लाठी-डंडों से पीटकर हत्या कर दी। शव खेत में फेंक दिया।
शुक्रवार को आरोपी रामू पटेल उर्फ राम सिंह पुत्र रामकिशोर की जमानत अर्जी पर सुनवाई के बाद सेशन न्यायाधीश गजेंद्र कुमार ने खारिज कर दी। अभियोजन की ओर से डीजीसी विजय बहादुर सिंह परिहार व एडीजीसी उमाशंकर पाल ने पैरवी की।