बलरामपुर। संस्कृत विद्यालयों में मानदेय पर शिक्षकों की तैनाती की जाएगी। अपर मुख्य सचिव आराधना शुक्ला के निर्देश पर जिला स्तरीय चयन समिति का गठन कर दिया गया है। संस्कृत विद्यालयों में पढ़ाई कराने के लिए शिक्षकों की कमी को दूर करने की पहल की गई है। अशासकीय सहायता प्राप्त संस्कृत विद्यालयों व राजकीय संस्कृत विद्यालयों में डीएम श्रुति ने शैक्षिक सत्र 2021-22 व 2022-23 के लिए मानदेय पर शिक्षकों के तैनाती करने का अधिकार प्रदान कर दिया है।
डीआईओएस गोविंद राम ने बताया कि अशासकीय सहायता प्राप्त संस्कृत विद्यालयों व राजकीय संस्कृत विद्यालयों में शैक्षिक सत्र 2021-22 व 2022-23 के लिए मानदेय पर शिक्षकों की तैनाती की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पूर्व मध्यमा स्तर पर प्रतिमाह 12 हजार रुपये और उत्तर मध्यमा स्तर पर प्रतिमाह 15 हजार रुपये मानदेय भुगतान किया जाएगा। ग्रीष्मावकाश अवधि में शिक्षकों को मानदेय नहीं दिया जाएगा। शिक्षकों की तैनाती में शासन स्तर से निर्धारित शर्तों का पालन किया जाएगा।
महाराजा पाटेश्वरी प्रसाद सिंह उच्चतर माध्यमिक विद्यालय झारखंडी, राधा कृष्ण उच्चतर माध्यमिक विद्यालय देवीपाटन तुलसीपुर व आदर्श संस्कृत उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भगवतीगंज में मानदेय पर शिक्षकों को तैनात किया जाएगा। जिले के तीनों संस्कृत विद्यालयों में एक-एक शिक्षकों को मानदेय पर तैनाती करने के लिए उत्तर प्रदेश माध्यमिक संस्कृत शिक्षा परिषद ने मंजूरी प्रदान की है। संस्कृत विद्यालयों में जिला स्तरीय चयन समिति के स्तर से शिक्षकों के मानदेय पर तैनाती की प्रक्रिया शीघ्र पूरी कर ली जाएगी। तीनों संस्कृत विद्यालयों में मानदेय पर शिक्षकों की तैनाती होने के बाद करीब 360 छात्र-छात्राओं को बेहतर पढ़ाई करने का मौका मिलेगा।