बहराइच। कानपुर में जुमे की नमाज के बाद हुए बवाल को देखते हुए जिले को अलर्ट मोड पर रखा गया है। शुक्रवार को जुमे की नमाज के मौके पर सुरक्षा के मद्देनजर जिले को तीन जोन में बांटा गया। सुरक्षा की कमान एसपी खुद संभाले रहे। पूरा जिला छावनी में तब्दील रहा। बोतल में पेट्रोल देने पर पाबंदी रही और सड़क किनारे पड़े पत्थर हटवा दिए गये। अमन-चैन के बीच जुमे की नमाज संपन्न होने के बाद पुलिस प्रशासन ने राहत की सांस ली। पूरे जिले में पुलिस के अलावा दो कंपनी पीएसी बल भी मोर्चा संभाले रहा।
एसपी केशव चौधरी ने बृहस्पतिवार को ही पूरे जिले में फ्लैग मार्च कर लोगों को सुरक्षा का एहसास करा दिया था। शुक्रवार सुबह से ही सड़कों पर पुलिस नजर आने लगी। दोपहर 12 बजे तक पूरे जिले को छावनी में तब्दील कर दिया गया। शहर के घंटाघर की चारों तरफ से घेराबंदी करते हुए पहरा लगा दिया गया। जुमे की नमाज के दौरान कोई अराजक तत्व अराजकता न फैलाने पाए इसके लिए ड्रोन कैमरों से निगरानी की जाती रही। सुरक्षा के मद्देनजर जिले को तीन जोन में बांटा गया।
शहरी क्षेत्र की कमान एएसपी नगर कुंवर ज्ञानंजय सिंह संभाले रहे और नानपारा क्षेत्र की जिम्मेदारी एएसपी ग्रामीण अशोक कुमार के कंधे पर रही। वहीं, एसपी केशव चौधरी ने संवेदनशील माने जाने वाले क्षेत्र फखरपुर की कमान खुद संभाली। एसपी ने नमाज शुरू होने से पहले पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और फिर जरवल की ओर रवाना हो गये। एसपी की ओर से ऑल इज वेल का इशारा मिलते ही थानाध्यक्षों ने राहत की सांस ली। जिलेभर में जुमे की नमाज अमन-चैन के बीच अदा की गई। पुलिस की सक्रियता देख अराजक तत्व सहमे रहे। एसपी केशव चौधरी ने बताया कि जिलेवासियों ने भाईचारे की मिसाल पेश की। किसी भी अफवाह पर ध्यान नहीं दिया। इससे जिले में अमन-चैन के बीच जुमे की नमाज अदा की गई।
शहर से लेकर ग्रामीण अंचल तक विशेष समुदाय के लोगों ने दुकानें बंद रखीं। दुकानें न खुलने से पुलिस प्रशासन की धड़कनें बढ़ी रहीं। दुकानें न खुलने की वजह पुलिस तलाशती रही, लेकिन कोई खास वजह न मिलने पर सतर्कता बनाए रखी। नमाज अदा होने के बाद भी दुकानें नहीं खुलीं। पूरे जिले में माहौल सामान्य रहा।