बहराइच/खैरीघाट। नवरात्र के सातवें दिन शुक्रवार को मां दुर्गा के कालरात्रि स्वरूप का पूजन-अर्चन श्रद्धालुओं ने किया। इस अवसर पर सुबह से ही देवी मंदिरों में मां कालरात्रि के जयकारे गूंजने लगे। सुबह से ही मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने लगी। ग्रामीण क्षेत्रों में स्थापित देवी मंदिरों में श्रद्धालुओं ने पूजन अर्चन कर मां कालरात्रि का आशीर्वाद प्राप्त किया।
मां दुर्गा के सातवें स्वरूप को कालरात्रि नाम से जाना जाता है। इनके तन का रंग काला होने के कारण इन्हें कालरात्रि के नाम से जाना जाता है। पुराणों के अनुसार मां कालरात्रि का स्वरूप भले ही भयानक हो, लेकिन यह सदैव शुभ फल प्रदान करती हैं। मां के कल्याणकारी स्वरूप का ध्यान लोगों को भय से मुक्ति दिलाता है। नगर के मरी माता मंदिर, संहारिणी माता मंदिर, गुल्लावीर मंदिर समेत अन्य स्थानों पर श्रद्धालुओं ने पूजन अर्चन किया। इस दौरान लखनऊ मार्ग स्थित मरी माता मंदिर पर मेले जैसा माहौल देखने को मिला। लोगों ने पूजन अर्चन के बाद जमकर खरीदारी की।
वहीं बच्चे झूले की मौज उड़ाते देखे गए। उधर खैरीघाट स्थित सिसैया चूड़ामणि गांव स्थित गांवट माता मंदिर पर नवरात्रि के अवसर पर कथा व झांकी का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें दूरदराज से आए कलाकारों द्वारा मनमोहक झांकियां प्रस्तुत की जा रही हैं। कार्यक्रम आयोजक पंडित उमाकांत शास्त्री ने बताया कि नवरात्रि का पर्व सभी सनातन धर्म के लोगों के लिए एक विशेष महत्व रखता है। गांवट माता मंदिर पर भी सुबह से लेकर देर शाम तक श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है।