बड़ौत। विद्युत लाइन में फाल्ट हो जाने के कारण 30 घंटे तक 500 घरों की बत्ती गुल रही। सूचना के बाद भी ऊर्जा निगम के कर्मचारियों ने फाल्ट को दुरुस्त नहीं कराया। बाद में उपभोक्ताओं के फोन रिसीव करना भी बंद कर दिए। मंगलवार को समस्या को लेकर नगरवासियों ने आक्रोश जताया और निगम के कर्मचारियों पर चेंकिग के नाम पर अवैध उगाही करने का आरोप लगाया। हालांकि बाद में मामला बढ़ने के बाद फाल्ट को दुरुस्त कराते हुए बिजली आपूर्ति सूचारू कराई तब जाकर लोगों ने राहत की सांस ली।
ऊर्जा निगम के अफसरों व कर्मचारियों की लापरवाही का खामियाजा नगरवासियों को भुगतना पड़ रहा है। उपभोक्ताओं का आरोप है कि निगम के कर्मचारी केवल चेंकिग के नाम पर उगाही करने में व्यस्त हैं, बिजली फाल्ट को ठीक करने का उनके पास समय नहीं है। बताया कि सोमवार सुबह फीडर नंबर 4 में फाल्ट आ गया, लेकिन इस फाल्ट को मंगलवार शाम तक ठीक नहीं किया गया। इस कारण फीडर से जुड़े 500 से अधिक घरों में बिजली आपूर्ति बाधित रही। इतना ही नहीं बिजरौल रोड, चरण सिंह विहार, न्यू रामनगर कॉलोनी, मोहननगर, बिनोली रोडर स्थित घरों में 30 घंटे तक बिजली आपूर्ति नहीं होने से इन्वर्टर भी ठप हो गए। वहीं पेयजल संकट तक गहरा गया। समस्या को लेकर मंगलवार को लोगों ने हंगामा किया तब जाकर निगम के कर्मचारी फाल्ट को दुरुस्त करने के लिए दौड़े। इसको लेकर उपभोक्ताओं ने आक्रोश जताया। इस संबंध में सहायक अभियंता लवकुश राघव ने बताया कि लाइन में फाल्ट आया हुआ था, जिसे अब ठीक करा दिया गया है।