बिजनौर जनपद के जहानाबाद के रहने वाले प्रताप सिंह ने बताया कि उसने अपनी बेटी दीपा की शादी 12 साल पहले गाधी गांव के शील गिरी उर्फ जगमोहन के साथ की थी। जिसकी पांच साल पहले मौत होने के बाद दीपा की देवर सुनील के साथ शादी करा दी गई थी। प्रताप सिंह ने बताया कि जगमोहन की बिजनौर में पांच बीघा जमीन थी जो दीपा के नाम ट्रांसफर हो गई थी।
आरोप है कि सुनील शराब पीने का आदी है और काफी समय से पांच बीघा जमीन बेचने का दबाव बना रहा था। जमीन बेचने से मना करने पर सुनील ने अपने भाई विकास और मां के साथ मिलकर दीपा के साथ मारपीट की और गला दबाकर हत्या कर दी।
उधर, हत्या करने के बाद आरोपी सुनील खुद ही कोतवाली पहुंच गया। इस मामले में कोतवाली प्रभारी अनिल कुमार ने बताया कि हत्यारोपी सुनील को गिरफ्तार कर लिया गया है।
आरोपी बोला, पुस्तैनी मकान बच्चों के नाम कराना चाहती थी दीपा
दीपा के परिजनों ने बिजनौर की जमीन नहीं बेचने के कारण हत्या करने की बात कही है। वहीं, आरोपी सुनील ने पुलिस को बताया कि दीपा के दो बेटे हैं और वह पुस्तैनी मकान में रहते हैं। दीपा पुस्तैनी मकान दोनों बच्चों के नाम कराना चाहती थी। जिसको लेकर सोमवार को झगड़ा हो गया था।