जोया (अमरोहा)। ललतू सिंह हत्याकांड का डिडौली पुलिस ने खुलासा कर दिया है। गोद ली हुई बेटी ने प्रेमी के साथ मिलकर उसकी हत्या की थी। प्रेम-प्रसंग में बाधक बनने और रिश्ता दूसरी जगह तय करने से खफा होकर दोनों ने हत्या की वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने दोनों आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने किशोरी (16) को बाल सुधार गृह और आरोपी प्रेमी को जेल भेज दिया गया है।
एएसपी चंद्रप्रकाश शुक्ला ने बताया ने बताया कि छह मार्च की रात डिडौली कोतवाली क्षेत्र के तोफापुर गांव निवासी किसान ललतू सिंह की गला दबाकर हत्या कर दी गई थी। ललतू सिंह बेऔलाद थे। उन्होंने एक बच्ची को गोद लिया था। उनकी बेटी 12वीं की छात्रा है। घटना के बाद मृतक के साले के बेटे प्रमोद ने अज्ञात के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी, जबकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि हो गई थी। इसके बाद मृतक के भाई लेखराज सिंह ने पुलिस को बताया था कि ललतू सिंह की गोद ली हुई नाबालिग बेटी की शादी तय हो चुकी है। इस शादी में मृतक के साले का दामाद बिचौलिया है। मृतक के नाम करीब 40 बीघा जमीन भी है। इस जमीन को हड़पने के लिए उनके भाई ललतू सिंह की हत्या की गई। उन्होंने गोद ली गई बेटी और साले के दामाद पर हत्या में शामिल होने का शक जताया था। दोनों पहलुओं पर पुलिस और सर्विलांस टीम ने जांच की।
पुलिस ने साक्ष्यों के आधार पर रविवार को ललतू सिंह की दत्तक पुत्री और गांव निवासा उसके प्रेमी को गिरफ्तार किया। एएसपी के मुताबिक मृतक की बेटी और आरोपी बॉबी के पिछले एक साल से प्रेम संबंध थे। जबकि ललतू और उसकी पत्नी प्रेमवती इसके खिलाफ थे। आरोपी बेटी प्रेमी के साथ मिलकर रात के समय माता-पिता को नशे की गोलियां देकर बेहोश कर देती थी। इसी बीच करीब डेढ़ महीने पहले संदिग्ध हालत में ललतू की पत्नी प्रेमवती की संदिग्ध हालत में मौत हो गई थी, जिसके बाद ललतू ने गोद ली हुई बेटी की शादी दूसरे गांव में तय कर दी थी। घटना वाली रात भी गोद ली हुई बेटी ने प्रेमी बॉबी के साथ मिलकर ललतू को नींद की गोलियां खिलाकर बेहोश कर दिया था, जिससे बाद दोनों ने उनकी गला दबाकर हत्या कर दी थी। एएसपी के मुताबिक आरोपी नाबालिग बेटी को बाल सुधार गृह और प्रेमी बॉबी को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है।