फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भर्ती परीक्षा : नकल माफिया ने बढ़ाई चुनौती, कोषागार में पेपर रखने की जगह नहीं

Tue, 19 Apr 2022 05:45 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

प्रश्न पत्र एवं उत्तर पुस्तिकाएं पहले कोषागार के लॉक रूम में रखी जाती हैं और परीक्षा के दिन उन्हें केंद्रों तक पहुंचाया जाता है। बचे रह गए प्रश्नपत्र एवं उत्तर पुस्तिकाएं कोषागार के लॉक में सुरक्षित रख दी जाती हैं। निर्धारित अवधि के बाद इन्हें नष्ट करने की व्यवस्था है लेकिन लंबे समय से ऐसा नहीं हो सका है।
विज्ञापन
परीक्षा - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

नकल माफिया ने हर भर्ती परीक्षा की शुचिता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। भर्ती संस्थाओं के सामने इससे निपटने की चुनौती तो है ही, कोषागार में सुरक्षित प्रश्नपत्र रखने की भी समस्या खड़ी हो गई है। कोषागार में पेपर रखने की ही जगह नहीं बची है। स्थिति यह है कि कलक्ट्रेट परिसर स्थित संगम सभागार में अस्थाई लॉक रूम बनाने पड़े हैं।

विज्ञापन



प्रश्न पत्र एवं उत्तर पुस्तिकाएं पहले कोषागार के लॉक रूम में रखी जाती हैं और परीक्षा के दिन उन्हें केंद्रों तक पहुंचाया जाता है। बचे रह गए प्रश्नपत्र एवं उत्तर पुस्तिकाएं कोषागार के लॉक में सुरक्षित रख दी जाती हैं। निर्धारित अवधि के बाद इन्हें नष्ट करने की व्यवस्था है लेकिन लंबे समय से ऐसा नहीं हो सका है। इसकी वजह से कोषागार के लॉक फुल हो गए हैं। इसे लेकर सीटीओ की ओर से भर्ती संस्थाओं को नियमित पत्र लिखे जाते हैं लेकिन समस्या बनी हुई है। इसके बीच नकल माफियाओं ने मुसीबत और बढ़ा दी है।


प्रश्न पत्र आउट होने तथा अन्य वजहों से ज्यादातर परीक्षाएं विवादों में हैं। ऐसे में संबंधित परीक्षाओं के प्रश्न पत्र के बंडलाें एवं उत्तर पुस्तिकाओं को नष्ट भी नहीं किया जा सकता। इसकी वजह से शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) समेत अन्य परीक्षाओं के प्रश्न पत्रों एवं उत्तर पुस्तिकाओं के दर्जन बॉक्स रखे हुए हैं। इतना ही नहीं नई व्यवस्था में हर परीक्षा के अब दो तरह के प्रश्न पत्र बनाए जाने लगे और इनमें से एक का ही इस्तेमाल होता है। इससे परेशानी और बढ़ गई है। नतीजा यह है कि कोषागार में जगह नहीं होने की वजह से अब संगम सभागार में अस्थाई लॉक रूम बनाया गया है।

विज्ञापन
Trending Videos
विज्ञापन

बदलनी पड़ी परीक्षा प्रक्रिया
प्रश्न पत्र लीक होने की बढ़ती घटनाओं के बाद परीक्षा की पूरी प्रक्रिया ही बदलनी पड़ी है। पहले एक ही प्रश्न पत्र के चार सेट तैयार होते थे लेकिन अब दो प्रश्न पत्रों के अलग-अलग चार-चार सेट तैयार किए जाएंगे। दोनों प्रश्न पत्र अलग-अलग रंग के होंगे। प्रशासन तथा भर्ती परीक्षा के प्रतिनिधि परीक्षा केंद्र पर दोनों प्रश्न पत्र ले जाएंगे लेकिन कौन सा प्रश्न पत्र वितरित होगा इसका निर्णय मुख्यालय से होगा।


मुख्यालय में लाटरी से फैसला होगा कि किस प्रश्न पत्र के बंडल खोले जाएं। परीक्षा से कुछ देर पहले डीएम के पास इस बाबत मैसेज आएगा। इसके बाद डीएम के निर्देश पर संबंधित प्रश्न पत्र के बंडल खोले और प्रतियोगियों के वितरित किए जाएंगे। दूसरे प्रश्न पत्र के बंडल कोषागार में सुरक्षित रखे जाएंगे। इस व्यवस्था के तहत टीईटी और उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की परीक्षा हो चुकी है।



‘कोषागार में भी प्रश्न पत्र रखने की क्षमता है। उससे अधिक प्रश्न पत्र और पुस्तिकाएं हो गई हैं। इन्हें हटाने तथा रद्द करने के लिए संबंधित विभागों को पत्र लिखा गया है।’ -मदन कुमार, एडीएम सिटी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें