पड़िला स्थित सीआरपीएफ ग्रुप सेंटर परिसर शनिवार सुबह गोलियों की तड़तड़ाहट से थर्रा उठा। लोग अभी नींद से पूरी तरह जगे भी नहीं थे कि अचानक एक सरकारी क्वार्टर से गोलियां चलने की आवाजें आने लगीं। ताबड़तोड़ फायरिंग से लोग खौफजदा हो गए। सूचना पर पहुंचे अफसर क्वार्टर में दाखिल हुए तो वहां की हालत देख उनके भी होश उड़ गए।
ग्रुप सेंटर परिसर में अफसरों के साथ ही जवानों व उनके परिवार भी रहते हैं। जवानों को परिसर में ही बने तिमंजिला भवन में टाइप टू आवास आवंटित किए गए हैं। इसी में से एक क्वार्टर में आरक्षी चालक विनोद कुमार यादव अपने परिवार संग रहता था। शनिवार सुबह बहुत से लोग नींद से जगे भी नहीं थे कि तभी अचानक गोलियां चलने की आवाज आने लगी।