प्रांतीय अध्यक्ष डॉ.ज्ञान प्रकाश सिंह ने कहा कि सरकार अर्धअवकाश, तीन अर्ध अवकाश या बिलंब पर एक आकस्मिक अवकाश और गर्मी की छुट्टी कैंसिल करके 35 अर्जित अवकाश की घोषणा, नि:शुल्क कैशलेश चिकित्सा, कलर्क और चौकीदार, सफाईकर्मी की व्यवस्था, समय पर पदोन्नति, सभी को पुरानी पेंशन इत्यादि हमारी मांगें मान ले तो हम भी ऑन लाइन उपस्थिति के लिए तैयार हैं।
उत्तर प्रदेश वैचारिक शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन की सरस्वती पार्क में हुई बैठक में स्कूलों में ऑनलाइन उपस्थिति की व्यवस्था लागू होने का विरोध किया गया। शिक्षकों ने कहा कि सरकार मनमानी और तानाशाही पर उतारू हो गई है। शिक्षकों ने एक स्वर से इस व्यवस्था का विरोध करने का फैसला किया है। शिक्षकों ने कहा कि सरकार पुरानी पेंशन समेत शिक्षकों की सभी लंबित मांगे मान ले तो शिक्षक इस नई व्यवस्था को स्वीकार कर लेंगे।
विज्ञापन
प्रांतीय अध्यक्ष डॉ.ज्ञान प्रकाश सिंह ने कहा कि सरकार अर्धअवकाश, तीन अर्ध अवकाश या बिलंब पर एक आकस्मिक अवकाश और गर्मी की छुट्टी कैंसिल करके 35 अर्जित अवकाश की घोषणा, नि:शुल्क कैशलेश चिकित्सा, कलर्क और चौकीदार, सफाईकर्मी की व्यवस्था, समय पर पदोन्नति, सभी को पुरानी पेंशन इत्यादि हमारी मांगें मान ले तो हम भी ऑन लाइन उपस्थिति के लिए तैयार हैं। जब तक हमारी मांगे नहीं मानी जाती तब तक ऑलाइन उपस्थिति का अनवरत विरोध जारी रहेगा।
प्रदेश महामंत्री दिनेश कुमार वर्मा ने यह नई व्यवस्था औचित्यहीन है। शिक्षक इसका पुरजोर विरोध करेंगे। प्रदेश उपाध्यक्ष विनोद कुमार सिंह ने कहा कि सरकार शहर और कस्बों में रहने वाले कार्यालयों, बैंकों, ब्लॉक और जिला मुख्यालयों में ऑनलाइन उपस्थिति की व्यवस्था लागू नहीं कर रही है। दूर दराज अव्यवस्था के शिकार स्कूलो में ऑलाइन उपस्थिति लागू करके अत्याचार किया जा रहा है। जिला अध्यक्ष रमाकांत सिंह ने कहा कि हम सब को जब तक समुचित व्यवस्था नहीं दी जाती इसका पुरजोर विरोध किया जाना चाहिए। बैठक की अध्यक्षता डॉ.ज्ञान प्रकाश सिंह ने की।