इसके बाद रिक्त हुए अध्यक्ष पद पर चयन के लिए एजेंडा पढ़कर सुनाया गया। अध्यक्ष पद पर मनसा देवी ट्र्स्ट के अध्यक्ष और निरंजनी अखाड़े के सचिव महंत रवींद्र पुरी के नाम का प्रस्ताव रखा गया, जिस पर सभी अखाड़ों के प्रतिनिधियों ने सर्वसम्मति से अपनी सहमति प्रदान करते हुए उन्हें परिषद का नया अध्यक्ष चुनने का एलान किया। आठ अखाड़ों की सहमति से रवींद्र पुरी को अखाड़ा परिषद का नया अध्यक्ष चुना गया।
नए अध्यक्ष के तौर पर रवींद्र पुरी के चुने जाने की घोषणा अखाड़ा परिषद के महामंत्री हरि गिरि ने की। परिषद के महामंत्री हरि गिरि ने बताया कि बहुमत के आधार पर नियम संगत प्रक्रिया का पालन करते हुए परिषद के अध्यक्ष का चुनाव कराया गया है। यही परिषद अब कुंभ, अर्धकुंभ, महाकुंभ का आध्यात्मिक-सांस्कृतिक कार्यक्रम कराएगी। इसके अलावा हिंदू संस्कृति के विकास, संरक्षण के साथ ही प्राचीन तीर्थों के उत्थान के लिए अखाड़ा परिषद काम करेगी।