स्पेशल कोर्ट एमपी एमएलए ने शुआट्स विश्वविद्यालय परिसर में घुसकर कर्मचारी अधिकारियों के साथ मारपीट, लूटपाट, बलवा करने आदि के मामले में पूर्व सांसद अतीक अहमद सहित पांच अन्य के खिलाफ आरोप तय किया है। स्पेशल कोर्ट के जज आलोक कुमार श्रीवास्तव ने एडीजीसी राजेश कुमार गुप्ता और बचाव पक्ष के अधिवक्ता को सुन कर अभियुक्तों पर आरोप तय किए हैं।
घटना 14 दिसंबर 2016 को डीम्ड विश्वविद्यालय परिसर की है। उक्त घटना में अतीक अहमद, सिराज, नीलू उर्फ राशिद, बालम उर्फ अख्तर, नसीम अहमद, मोहम्मद फैज अभियुक्त बनाए गए हैं। जिनके खिलाफ स्पेशल कोर्ट ने आईपीसी की धाराओं में आरोप तय किए हैं। अतीक अहमद सहित अन्य अभियुक्तों पर आरोप है कि घातक हथियारों से लैस होकर विश्वविद्यालय परिसर में घुस आए और जनसंपर्क अधिकारी रमाकांत दुबे व अन्य कर्मचारियों को भद्दी-भद्दी गालियां देते हुए बलवा किया।
प्रशासनिक और कुलपति कार्यालय में घुसकर सुखेंद्र उपाध्याय, गोविंद प्रजापति, सुरक्षा अधिकारी आरके सिंह, सहायक सुरक्षा अधिकारी विजय शंकर शुक्ला तथा तेजस जैकब को लात घुसों से मारपीट कर चोटें पहुंचाई गईं। यह आरोप भी है कि अभियुक्तों ने विश्वविद्यालय के अधिकारियों कर्मचारियों को जान से मारने की धमकी दी और सहायक अध्यापक से लूटपाट की गई। विश्वविद्यालय परिसर में अभियुक्तों द्वारा भय का वातावरण पैदा किया गया और लोक शांति को भंग किया गया।
बुधवार को न्यायिक कार्य से विरत रहेंगे अधिवक्ता
जिला न्यायालय के अधिवक्ता बुधवार को न्यायिक कार्य नहीं करेंगे। जिला अधिवक्ता संघ के मंत्री प्रमोद सिंह नीरज और विद्याभूषण द्विवेदी ने बताया कि संघ की एक बैठक अध्यक्ष राधा रमण मिश्र की अध्यक्षता में हुई। जिसमें दिवाली के अवकाश को लेकर भ्रम की स्थिति और हनुमत जयंती को देखते हुए निर्णय लिया कि बुधवार को अधिवक्ता न्यायिक कार्य नहीं करेंगे।