करवा चौथ इस बार कई दुर्लभ संयोग लेकर आएगी। लंबे समय बाद अबकी धनु का गुरु करवा चौथ पर चार चांद लगाएगा। धनु राशि में स्वग्रही गुरु मंगलकारी वातावरण बनाएगा। पीली वस्तुओं, रंगों से करवा सजाने और पीले परिधान पहनकर पूजा करने से सौभाग्य की प्राप्ति होगी। इस बार शिव योग में मृगशिरा नक्षत्र मिलने से करवा चौथ पर सुहागिनों के लिए फलदायी होगी।
अरसा बाद इस बार करवा चौथ पर ग्रहों की स्थिति अनुकूल मिल रही है। गुरु और शनि अपनी राशि में स्थित हैं। शुक्र और सूर्य कमजोर स्थिति में रहेंगे, लेकिन धनु राशि में गुरु की उपस्थिति करवा चौथ को मंगलकारी बनाएगी। इस सौभाग्य प्रदायी व्रत पर धनु का गुरु होने से सिंदूर दान के अलावा पीले वस्त्रों और रंगों से करवा पूजन फलदायी रहेगी। ज्योतिषाचार्य पं ब्रजेंद्र मिश्र के अनुसार हल्दी-चंदन की अल्पनाओं से करवा सजाकर इस बार भगवान विष्णु, धन-धान्य की प्रदाता मां लक्ष्मी और शांति, वैभव व शीतलता के प्रतीक चंद्रमा की पूजा करने वाली सुहागिनों की कामनाएं पूरी होंगी।
इस दिन कुछ देर के लिए वृद्धि योग भी रहेगा। इससे धन,धान्य और सौभाग्य की वर्षा के योग बन रहे हैं। इस बार कार्तिक मास की चतुर्थी तिथि चार नवंबर की भोर में 3 :24बजे आरंभ होगी। पांच नवंबर की सुबह सुबह 5: 14 बजे तक रहेगी। निर्जला व्रत रखने वाली सुहागिन महिलाएं चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद छलनी में दीपक रखकर पति को निहारेंगी। इसी के साथ घर-घर में करवा चौथ की तैयारियां अंतिम दौर में पहुंच गई हैं। तरह-तरह के करवे खरीदने की होड़ मच गई है।