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डॉक्टर से मांगी 40 लाख रंगदारी, तीन युवक धराए

Mon, 08 Aug 2016 01:47 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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क्राइम - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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शेरडीह-पटेल नगर में क्लीनिक चलाने वाले डॉ. अजय शंकर श्रीवास्तव को तीन महीने से लगातार फोन पर धमकी देकर 40 लाख रुपये रंगदारी मांगने के आरोप में पुलिस ने तीन युवकों को गिरफ्तार किया है। ये तीनों शहर में जार्जटाउन और कर्नलगंज के रहने वाले बीए के छात्र हैं। उन्होंने डॉक्टर के घर पर बमबाजी और फायरिंग भी की थी। डॉक्टर के पड़ोसी ने इस वारदात की साजिश रची थी। वह पकड़ में नहीं आया है।
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मूलत: हनुमानगंज फतुहां निवासी डॉ. अजय शंकर श्रीवास्तव ने झूंसी के शेरडीह-पटेलनगर गांव में क्लीनिक खोल रखी है। तीन जून की रात नौ बजे पहली बार उनके मोबाइल पर फोन कर 30 लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई। धमकी दी गई कि पैसे नहीं देने पर बीवी को अगवा कर लिया जाएगा। ठीक एक माह माह बाद तीन जुलाई की रात बदमाशों ने डॉ. अजय के मकान पर बमबाजी कर दहशत फैला दी। फिर 20 जुलाई की देर रात बदमाशों ने फिर चिकित्सक के घर पर हवाई फायरिंग कर खलबली मचा दी। बदमाशों ने डॉ. अजय को जान से मारने की धमकी देते हुए रंगदारी की रकम बढ़ाकर 40 लाख रूपये कर दी। 

बदमाशों की करतूत डॉक्टर के घर के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। पांच अगस्त को भी बदमाशों ने उनके घर जाकर गुंडागर्दी की। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस ने बदमाशों की तलाश शुरू कर दी। शनिवार की देर रात एसओ विजय प्रताप सिंह ने उपनिरीक्षक रामकेवल यादव और सिपाहियों के साथ रहिमापुर-ईसीपुर गांव के बमबम चौराहे पर घेरकर तीन अपराधियों को दबोच लिया। पकड़े गए बदमाश दीपेंद्र सिंह निवासी रामानंद नगर मुहल्ला अल्लापुर थाना जार्जटाउन, अनुज पटेल छोटा बघाड़ा थाना कर्नलगंज तथा राहुल पांडेय निवासी रामप्रिया रोड प्रयाग स्टेशन थाना कर्नलगंज ने पूछताछ में रंगदारी के लिए धमकी और बमबाजी का गुनाह कुबूल लिया। उन तीनों को जेल भेज दिया गया है।
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डॉ. अजयशंकर श्रीवास्तव से रंगदारी मांगने का मास्टर माइंड उनका पड़ोसी शशिकांत है। एसओ विजय प्रताप सिंह ने बताया कि शशिकांत ने ही तीनों लड़कों को चिकित्सक से रंगदारी मांगने के लिए तैयार किया था। दीपेंद्र, अनुज और राहुल को शशिकांत से शहर में रहने वाले दोस्त कपिल दुबे ने मिलवाया था। चिकित्सक को पहली बार रंगदारी मांगने के लिए फोन शशिकांत ने दीपेंद्र से कराया था। दीपेंद्र से कहा था कि रंगदारी की रकम से उसे बड़ा हिस्सा मिलेगा। चिकित्सक के घर पहली बार की गई बमबाजी के दौरान शशिकांत भी साथ मौजूद था। गोली चलाने के लिए राहुल को शशिकांत ने ही तमंचा दिया था। अभी शशिकांत और कपिल पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ सके हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।

पढ़ाई के दौरान छात्रनेता बनने की कोशिश करते हुए अनुज पटेल ने अपराध की दुनिया में भी कदम रख दिया। अनुज सीएमपी डिग्री कॉलेज में बीए फाइनल वर्ष का छात्र है। इसके पिता रामऔतार हाईकोर्ट में अर्दली हैं। अनुज ने बताया कि 2014 में  सीएमपी कॉलेज के छात्रसंघ चुनाव में अध्यक्ष पद के लिए चुनाव लड़ा था। हालांकि उसे हार नसीब हुई थी। दूसरा आरोपी राहुल प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा है। वह बीए फाइनल वर्ष का छात्र है। एसएससी की परीक्षा पास करने के लिए वह कोचिंग भी कर रहा है। उसके पिता दिल्ली के एक मंदिर में पुजारी हैं। तीसरा आरोपी दीपेंद्र भी बीए अंतिम वर्ष का छात्र है। उसके पिता कौशांबी के ब्लाक में क्लर्क हैं।
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