पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सपा के वरिष्ठ नेता के कांग्रेस में शामिल होने के सवाल पर भी अजय राय ने स्पष्ट किया कि लोग खुद आ रहे हैं। यहां उन्हें सम्मान मिल रहा है। सपा को तोड़ने के आरोप पर उन्होंने कहा कि कांग्रेस सभी को जोड़ने का काम करती है। उन्होंने कहा कि मुस्लिमों का पुराना घर कांग्रेस है और उन्हें यहीं आना चाहिए।
आजम खां के मिलने से मना करने के सवाल पर अजय राय ने अप्रत्यक्ष तौर पर सपा को घेरा। उनका कहना था कि आजम खां भले सपा में हैं लेकिन मुश्किल में हैं। इस समय उनके साथ कोई नहीं है। कांग्रेस हमेशा ऐसे लोगों के साथ खड़ी रही है। आजम खां मिलना भी चाहते थे लेकिन उन्हें मिलने नहीं दिया गया।
सपा के बजाय बसपा के साथ गठबंधन की चर्चा पर अजय राय ने कहा कि यह उनका विषय नहीं है। यह शीर्ष नेतृत्व तय करेगा। उनका काम पार्टी को प्रदेश में मजबूत करना है और वह इसके लिए तत्पर हैं। इससे पहले अजय राय ने कार्यकर्ताओं संग वार्ता में दलित अधिकार मांग पत्र आदि कार्यक्रमों के बारे में जानकारी ली। इससे दौरान राघवेंद्र सिंह, शहर अध्यक्ष प्रदीप मिश्र अंशुमन, गंगापार के अध्यक्ष सुरेश यादव, संजय तिवारी, हसीब अहमद, गौरव पांडेय, मनोज पासी आदि मौजूद रहे।
कानून व्यवस्था पर भाजपा को घेरा
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष ने प्रदेश की स्वास्थ्य एवं कानून व्यवस्था को लेकर प्रदेश सरकार पर भी प्रहार किए। अजय राय ने कहा कि भाजपा के ही सांसद के बेटे को इलाज की सुविधा नहीं मिली। मैं बांदा में उनसे मिलने जा रहा हूं।
बीएचयू की घटना के लिए एबीवीपी जिम्मेदार
बीएचयू में छात्रा के साथ दुर्व्यवहार की घटना पर उन्होंने सीधे तौर पर एबीवीपी और आरएसएस के नेताओं पर आरोप लगाए। उनका कहना था कि एबीवीपी तथा आरएसएस के लोगों ने यह हरकत की है और उन्हें सजा मिलनी चाहिए।