फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वैश्विक उपलब्धि : विश्व के शीर्ष दो फीसद विज्ञानियों में एमएनएनआईटी के 12 शिक्षक

Mon, 08 Nov 2021 08:05 PM IST
विनोद सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, प्रयागराज

सार

स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी हर साल दुनिया के शीर्ष विज्ञानियों की जारी करती है सूची, विश्वविद्यालयों में सर्वे कर विज्ञानियों के शोध की उपयोगिता का होता है मूल्यांकन।
विज्ञापन
mnnit prayagraj - फोटो : prayagraj
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मोती लाल नेहरू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान के हिस्से में एक और उपलब्धि हाथ आई है। यहां के 12 शिक्षकों और शोधार्थियों को दुनिया के शीर्ष दो फीसद विज्ञानियों की सूची में जगह मिली है। स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी की ओर से सर्वे के बाद यह सूची हर साल जारी की जाती है।

विज्ञापन


अमेरिका स्थित स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी हर दुनिया के विश्वविद्यालयों में हुए शोध का सर्वे कराती है। इसके आधार पर  विश्व के दो फीसद विज्ञानियों की सूची जारी करती है। दुनिया भर के लगभग 66 हजार विज्ञानियों को इस सूची में जगह मिली है। वहीं भारत के लगभग तीन हजार विज्ञानियों को इसमें जगह मिली है। इसमें मोती लाल नेहरू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान के 12 शिक्षकों और पुरा छात्रों को जगह मिली है।

इसमें रसायन विभाग के डॉ. प्रदीप दत्ता, गणित विभाग के प्रोफेसर एम कुमार, मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के डॉ.एमके गुप्ता, फीजिक्स विभाग के प्रोफेसर पीपी सहाय, इलेक्ट्रीकल विभाग के प्रोफेसर नंद किशोर , मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर अवनीश दुबे, इलेक्ट्रिकल विभाग के प्रोफेसर राजेश गुप्ता, गणित विभाग के डॉ. जी नाथ, इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग के प्रोफेसर हरिनाथ कर, इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग के डॉ. वाई प्रजापति, इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग के पुरा छात्र डॉ. आनंद शर्मा, और डॉ. नवीन कुमार को इस सूची में जगह मिली है। इससे संस्थान के शिक्षकों में खुशी की लहर है।
विज्ञापन


मोती लाल नेहरू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान के निदेशक प्रोफेसर राजीव त्रिपाठी ने सभी शिक्षकों को बधाई दी और कहा कि हमारे सभी शिक्षक बहुत मनोयोग से कार्य कर रहे हैं। आने वाले दिनों और अच्छे परिणाम आएंगे। इन सभी शिक्षकों पर संस्थान को गर्व है।

यह होता है चयन का आधार
सर्वे में यह देखा जाता है कि दुनिया के किसी विश्वविद्यालय के विज्ञानी का शोध सबसे ज्यादा उल्लिखित हो, यानी उनके शोध पत्रों के हवाले से अथवा उसे आधार मानकर कितने शोध कार्य हुए या पेटेंट हुए हैं। साथ ही एक वर्ष में कितने शोध पत्र उस विज्ञानी के प्रकाशित हुए है। उनके शोध का कितने लोगों ने उद्धरण दिया है। शोध विश्व के कितना जानकारीपरक है और उससे विज्ञान जगत को कितना लाभ मिलेगा। 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें