अलीगढ़ के क्वार्सी थाना क्षेत्र में पुराना छर्रा अड्डा के खाली मैदान से सोमवार सुबह कबाड़ बीनने वाले दंपती के इकलौते बेटे का बाइक सवार दो बदमाशों ने अपहरण कर लिया। चार साल के मासूम के अपहरण की खबर से परिवार में कोहराम मच गया और पुलिस भी हरकत में आ गई।
खुद एसएसपी कलानिधि नैथानी सीसीटीवी कंट्रोल रूम में आकर बैठ गए। जिले भर में नाकेबंदी कर चेकिंग शुरू करा दी गई। सीसीटीवी की मदद से आधा दर्जन टीमें बच्चे की तलाश में जुट गईं। करीब छह घंटे के प्रयास के बाद बच्चे को सकुशल आरोपियों से मुक्त कराते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
बदमाशों ने बच्चे का अपहरण एक दंपती को बेचने के इरादे से किया था। देर रात पुलिस उनसे पूछताछ में जुटी थी। मूल रूप से बिहार के भागलपुर जनपद के गांव तमौनी बिसनपुर के बबलू व उनकी पत्नी फितुल देवी छर्रा अड्डा पुल के नीचे पिछले दो दशक से पंजाबी कॉलोनी में झुग्गियों में रहते हैं। उनके साथ बिहार के ही पांच-छह अन्य परिवार भी रहते हैं।
ये लोग कूड़ा बीनकर अपनी आजीविका चलाते हैं। बबलू दंपती पर चार बेटियों के बाद 4 साल का बेटा भोला है। घटनाक्रम के अनुसार सोमवार सुबह करीब दस बजे भोला अपनी बहनों संग झुग्गियों से 50 मीटर दूर पुराने छर्रा अड्डे के खाली मैदान में खेल रहा था। भोला की बड़ी बहन 9 वर्षीय रूपा के अनुसार इसी बीच दो युवक बाइक पर आए और भोला को गोदी में उठाकर बोले कि घर में बच्चों का कन्या लांगुरा का पूजन होना है। इसलिए उसे ले जा रहे हैं। इसके बाद वे भोला को बाइक पर बैठाकर एटा चुंगी की ओर लेकर चले गए।