जनपद में डेंगू का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। गंगीरी के मझौला गांव की 52 वर्षीय महिला की मौत डेंगू से हो गई है। मृतक पूर्व प्रधान महेंद्र सिंह कुशवाहा की पत्नी है। इसके अतिरिक्त तीस लोग डेंगू से पीड़ित हुए हैं। जनपद में अब तक डेंगू की चपेट में आए लोगों की संख्या बढ़कर 414 तक पहुंच गई है।
डेंगू से पीड़ित मझौला गांव की लक्ष्मी देवी (52 वर्ष) का उपचार शहर के एक प्राइवेट अस्पताल में चल रहा था। मृतक के पति महेंद्र सिंह कुशवाहा को चिकित्सकों ने बताया कि लक्ष्मी डेंगू से पीड़ित हैं। मंगलवार को उनकी मृत्यु हो गई।
मलखान सिंह जिला अस्पताल के लैब में मंगलवार 181 लोगों की जांच की गई, जिसमें 30 लोग डेंगू से पीड़ित पाए गए हैं। डेंगू पॉजिटिव 30 लोगों में 18 जिला अस्पताल में आए मरीज हैं। इसके अतिरिक्त महिला अस्पताल के चार, चंडौस के दो, टप्पल के तीन एवं गोंडा, इगलास एवं अतरौली सीएचसी के एक-एक मरीज हैं।
सांसद-पार्षद के घर के आसपास दवा का छिड़काव
स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा सांसद सतीश गौतम एवं पार्षद विजय तोमर के घर एवं आसपास दवा का छिड़काव किया गया। सांसद ने बताया कि डेंगू से पीड़ित है। दिल्ली स्थित घर पार्षद विजय तोमर पं. दीनदयाल उपाध्याय संयुक्त चिकित्सालय में भर्ती हैं।
बुखार के 74 मरीज आए सामने
स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगाए गए कैंप एवं घर-घर अभियान में बुखार के 74 मरीज सामने आए हैं। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. राहुल कुलश्रेष्ठ के नेतृत्व में गांव सीहोर एवं नगरीय क्षेत्र क्वार्सी बर्फीनगर, इंद्रानगर, बरौला, जमालपुर, रामबाग कॉलोनी में कैंप लगाकर 232 लोगों को दवाएं दी गईं। कई मोहल्लों में निरोधात्मक कार्रवाई की गई। 42 पात्रों में डेंगू का लार्वा पाया गया। 82 रोगियों की रक्तपट्टिका बनाई गई।