मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत अलीगढ़ में एक पंडाल के अंदर 225 विवाह और 37 निकाह कराए गए। साथ ही हर जोड़े को शादी का सामान, 35 हजार रूपये खाते में और छह हजार विवाह के इंतजाम समेत 51 हजार रूपये का लाभ दिया गया। जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने नव दंपतियों को आशीर्वाद दिया।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में 25 फरवरी को एक पंडाल हिन्दू-मुसिलम सद्भाव का साक्षी बना, जहां 262 जोड़ों ने दांपत्य सूत्र में बंधकर नए जीवन की शुरूआत की। मंत्रोचार के साथ 225 जोड़ो के फेरे हुए और दूसरी तरफ 37 जोड़ों का निकाह पढ़ाया गया। सांसद सतीश गौतम, जिला पंचायत अध्यक्षा विजय सिंह, सीडीओ आकांक्षा राना, एडीएम वित्त मीनू राणा ने नव-दंपतियों को आशीर्वाद दिया।
सांसद सतीश गौतम ने कहा कि जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ आज प्रत्येक पात्र व्यक्ति को सीधे मिल रहा है। जिला पंचायत अध्यक्षा विजय सिंह ने कहा कि जरूरतमंद व्यक्तियों के कल्याण के लिए यूपी सरकार द्वारा अनेक योजनाएं संचालित की जा रही हैं, जिनमें मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह महत्वपूर्ण है। सीडीओ आकांक्षा राना ने कहा कि ऐसे गरीब व्यक्ति जो अपनी पुत्रियों का विवाह कराने में असमर्थ हैं। उनका विवाह करने की जिम्मेदारी शासन द्वारा उठाई जा रही है।
हर जोड़े को मिले ये लाभ
एक जोड़े पर 51 हजार रूपये का लाभ दिया जाता है। 35 हजार रूपये सीधे कन्या के खाते में भेजे जाते हैं। 6000 रूपये विवाह कार्यक्रम में खर्च किए जाते हैं। 10 हजार रूपये का पायल, बिछिया, बर्तन-कपड़ा एवं अन्य सामान दिया जाता है।
ये रहे मौजूद
सामूहिक विवाह में एडीएम सिटी, डीडीओ, डीपीओ, जिला दिव्यांग सशक्तिकरण अधिकारी, जिला समाज कल्याण अधिकारी, एडीडीओएसके, एडी सूचना, नगर निगम से जोनल अधिकारी, बीडीओ संग वर-वधुओं के परिजन मौजूद रहे।