केरल में गर्भवती हथिनी को फल के साथ विस्फोटक खिलाकर मारने के मामले की चौतरफा निंदा हो रही है। सोशल मीडिया पर लोग इस क्रूर कृत्य को अंजाम वालों को कड़ी सजा देने की मांग कर रहे हैं। इस बीच आगरा की संस्था वाइल्डलाइफ एसओएस ने हथिनी के हत्यारों को कड़ी सजा दिलाने के लिए सबूत के साथ सूचना देने पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया है।
वाइल्डलाइफ एसओएस के सह-संस्थापक और सीईओ कार्तिक सत्यनारायण ने बताया कि हमने अपनी एलीफेंट लीगल डिफेंस फंड के माध्यम से केरल के वन विभाग को सहायता की पेशकश की है। हमें उम्मीद है कि दोषियों को गिरफ्तार कर जल्द से जल्द इस अमानवीय अपराध के लिए कड़ी सजा दी जाएगी।
उन्होंने बताया कि हाथी, हिरण और अन्य वन्य पशुओं को क्षति पहुंचाना पशु अधिनियम 1972 कानून के तहत गैरजमानती अपराध है, इसमें सात साल की कैद का प्रावधान है। टाडा कानून के तहत विस्फोटक पदार्थ और हथियार भारत में पूरी तरह निषिद्ध है।