फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

करहल ने बनाया कीर्तिमान: बढ़े हुए मतदान से किसको मिलेगा 'अभयदान', मंथन में जुटी सपा-भाजपा

Mon, 21 Feb 2022 12:09 PM IST
आगरा ब्यूरो ज्योत्यवेंद्र दुबे, अमर उजाला मैनपुरी

सार

इस चुनाव में मैनपुरी के सियासी अखाड़े में खूब जोर आजमाइश, लेकिन कीर्तिमान मतदाताओं ने अपने मतों से रचा। करहल में पिछले चुनाव की तुलना में इस बार करीब चार फीसदी ज्यादा वोटिंग हुई है। 
विज्ञापन
भाजपा से एसपी सिंह, सपा से अखिलेश यादव, बसपा से कुलदीप नरायन - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मैनपुरी के मतदाताओं ने इस बार विधानसभा चुनाव में मतदान का नया कीर्तिमान रच दिया। मतदाताओं ने ऐसा उत्साह दिखाया कि 2017 के चुनाव से लंबी लकीर खींच दी। बीते चुनाव की अपेक्षा इस बार चार प्रतिशत अधिक मतदान हुआ है। बढ़े हुए मतदान से किसको अभयदान मिलेगा, ये तो बाद में ही पता चलेगा, लेकिन बढ़े हुए मतदान ने प्रत्याशियों की धड़कनें बढ़ा दी हैं।

विज्ञापन


इसे मतदाताओं में आई जागरुकता कहें या मैनपुरी के सियासी अखाड़े की जोर आजमाइश, लेकिन मतदाताओं ने इस बार विधानसभा चुनाव में मतदान का नया कीर्तिमान रच दिया। औसतन 57 से 59 प्रतिशत के बीच सिमटने वाले मतदान प्रतिशत को मतदाताओं ने 63 प्रतिशत पहुंचा दिया। वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव की अगर बात करें तो जिले की चार विधानसभा सीटों पर औसत 59.67 प्रतिशत मतदान हुआ था। 

पिछले चुनाव से चार प्रतिशत अधिक वोट पड़े 

ऐसे में इस बार हुआ मतदान बीते चुनाव की तुलना में चार प्रतिशत अधिक है। मतदाताओं की संख्या में अगर देखें तो बीते चुनाव की अपेक्षा करीब 54 हजार अधिक मतदाताओं ने लोकतंत्र के महापर्व में मतदान कर अपनी आहुति दी। मतदान बढ़ने से प्रशासन ने जहां राहत की सांस ली है तो वहीं सियासत के सूरमाओं की धड़कनें बढ़ गई हैं। बढ़ा हुआ मतदान किसके लिए अभयदान बनेगा, ये सवाल उन्हें परेशान कर रहा है।

विज्ञापन

मैनपुरी सदर सीट पर सबसे अधिक पड़ेगा प्रभाव

मतदान का प्रतिशत बढ़ने से मैनपुरी सदर सीट के आंकड़ों पर सबसे अधिक प्रभाव पड़ेगा। वर्ष 2017 के चुनाव की अपेक्षा इस बार सदर सीट पर लगभग तीन प्रतिशत बढ़ा है। ऐसे में लगभग दस हजार वोट बीते चुनाव से अधिक पड़ा है। 2017 में हुई जीत की अगर बात करें तो सपा को इस सीट पर 8831 वोट से जीत मिली थी। इससे साफ है कि इस बढ़े हुए मतदान फीसद की अहमियत मैनपुरी सदर सीट के लिए कितनी अहम है।

मंथन में जुटी सपा और भाजपा

रविवार को शाम छह बजे मतदान समाप्त हो गया। कुछ मतदेय स्थलों पर जहां शाम छह बजे तक मतदाता मौजूद थे वहां साढ़े छह बजे तक मतदान चला। इसके बाद ये साफ हो गया कि बीते चुनाव की तुलना में इस बार वोट अधिक पड़ा है। ऐसे में सपा और भाजपा दोनों ही इस मंथन में जुट गई हैं कि आखिर बढ़ा हुआ वोट भाजपा किस पार्टी का कोर वोटर है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें