-घिरोर क्षेत्र में एक खेत में भरा बारिश का पानी।
- फोटो : MAINPURI
मैनपुरी। बेमौसम बारिश से आलू, लहसुन और सरसों की बुवाई रुक गई है। मौजूदा समय में खेतों में पानी भरा हुआ है। फसलों की बुवाई दूर से होने से इनका उत्पादन भी देर से होगा। स्थानीय नया आलू दिसंबर के आखिर में आने की उम्मीद किसान जता रहे हैं।
इन दिनों किसान आलू, लहसुन, सरसों सहित अन्य फसलों की बुवाई में लगे थे। बेमौसम बारिश से खेतों में पानी भर गया है। इसके बुवाई का कार्य प्रभावित हुआ है। किसानों की मानें तो अब बुवाई का कार्य कम से कम एक सप्ताह पिछड़ गया है। वहीं जिन लोगों ने खेतों में आलू, लहसुन व सरसों की बुवाई कर ली थी, उनकी फसल में नुकसान की संभावना है। अगर बारिश और हुई तो बीज खेत में ही सड़ जाएगा। कृषि वैज्ञानिक डॉ. नरेंद्र वर्मा ने किसानों से 19 अक्तूबर तक बुवाई का कार्य स्थगित करने की बात कही है।
महंगा हो सकता है पुराना आलू
बेमौसम बरसात से पुराना आलू महंगा होने की संभावना जताई जा रही है। आलू व्यापारी पियूष चंदेल का कहना है कि उत्तराखंड सहित उत्तर प्रदेश में हुई बारिश से आलू की नई फसल प्रभावित हुई है। आलू की बुवाई का कार्य भी सप्ताह भर लेट हो जाएगा। ऐसे में स्थानीय नया आलू दिसंबर के आखिर में बाजार में आ पाएगा। इस कारण पुराने आलू का भाव बढ़ सकता है।