बाह के खिलाड़ियों ने दुनिया को दिखाया कि अभावों में भी कड़ी मेहनत से मुकाम हासिल किया जा सकता है। बाह के बड़ागांव में जन्मे अंकित शर्मा ने एशियन गेम्स में स्वर्ण, रजत और कांस्य पदक जीतकर दुनिया में अपनी पहचान बनाई। उन्होंने लंबी कूद में रियो ओलंपिक में भी प्रतिभाग किया। बिठौली के मायाराम शर्मा ने तैराकी में श्रीलंका में स्वर्ण पदक जीता। इसके अलावा राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में बाल किशन गुर्जर, शिल्पी भदौरिया, नरेश यादव, मनीषा कुशवाहा पदक जीत चुके हैं।
...लेकिन 40 साल से बाह में स्टेडियम नहीं बना
बाह में स्टेडियम की मांग पूरी नहीं हो पा रही है। स्टेडियम की मांग 40 साल से उठाई जा रही है। पूर्व ओलंपियन एथलीट विजय सिंह चौहान का कहना है कि जैतपुर और बाल ब्लॉक में स्टेडियम के लिए जमीन उपलब्ध है। इसके लिए वह कई बार पत्र भी लिख चुके हैं लेकिन शासन-प्रशासन स्तर से कुछ नहीं किया गया।