फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Agra News: नौकरी के नाम पर हड़पे 40 लाख रुपये, मां-बेटा और पत्नी के खिलाफ केस दर्ज

Tue, 25 Jul 2023 01:42 PM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला, आगरा

सार

जलकल विभाग में नौकरी के नाम पर चार युवकों से 40 लाख रुपये की ठगी की गई। इतना ही नहीं उन्हें फर्जी नियुक्ति पत्र भी थमा दिए गए। इस मामले में  सदर थाने में मां-बेटा और पत्नी के खिलाफ केस दर्ज कराया गया है। 
 
विज्ञापन
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आगरा में जलकल विभाग में मृतक आश्रित कोटे में नौकरी का झांसा देकर चार युवकों से 40 लाख रुपये लेकर उन्हें फर्जी नियुक्ति पत्र थमा दिए गए। विभाग में पहुंचने पर उन्हें धोखाधड़ी का पता चला। रकम वापस मांगने पर आरोपी मां-बेटा और उसकी पत्नी ने चेक दिए जो बाउंस हो गए। अब आरोपी धमकी दे रहे हैं। पीड़ित की शिकायत पर सदर थाने में तीनों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।

विज्ञापन

बमरौली अहीर के दीक्षा केसीआर टाउन निवासी विशाल शर्मा ने पुलिस आयुक्त कार्यालय में प्रार्थना पत्र दिया। बताया कि वह बालूगंज स्थित एक स्कूल में पढ़े हैं। वहीं बालूगंज का हर्षित शर्मा भी पढ़ता था। इससे उनमें मित्रता और घर आना-जाना था। हर्षित के पिता जलकल विभाग में थे। उनकी मौत होने पर मृतक आश्रित कोटे में हर्षित की नौकरी लग गई। मार्च 2020 में हर्षित और उसकी मां शशि जीवनी मंडी स्थित खाटू श्याम मंदिर में मिले। दोनों ने बताया कि जलकल महाप्रबंधक आरएस यादव से उनकी घनिष्ठता है। किसी की नौकरी लगवानी हो तो बता देना। एक व्यक्ति के 10 लाख रुपये लगेंगे।

विशाल ने बताया कि सरकारी नौकरी होने की वजह से वह तैयार हो गए। उन्होंने अपने परिचित फिरोजाबाद के गांधी नगर निवासी राहुल, उसके भाई रोहित और इटावा निवासी अमन दुबे से भी बात की। चारों ने रुपयों का इंतजाम कर 32.30 लाख रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिए। 7.70 लाख रुपये बाद में ट्रांसफर किए। 13 जुलाई को हर्षित ने एक नियुक्ति पत्र दिया।

पत्र में रामदत्त की मृत्यु के बाद मृतक आश्रित कोटे में विशाल की नौकरी लगने के बारे में लिखा था। शिकायत पर आरोपियों ने कहा कि नौकरी ऐसे ही लगती है। थाना सदर के प्रभारी निरीक्षक नीरज कुमार शर्मा ने बताया कि तहरीर के आधार पर हर्षित शर्मा, उसकी मां शशि शर्मा और पत्नी अंजलि शर्मा के खिलाफ धोखाधड़ी, कूटरचित दस्तावेज तैयार करने, आपराधिक साजिश और अमानत में खयानत की धारा में केस दर्ज किया है। साक्ष्य संकलन कर कार्रवाई की जाएगी।

चेक दे दिए, नहीं थी खाते में रकम

विशाल ने पुलिस को बताया कि हर्षित ने कहा था कि चारों की नौकरी मृतक आश्रित कोटे में लगवा दी है। चारों नियुक्ति पत्र लेकर जलकल कार्यालय पहुंचे, जहां नियुक्ति पत्रों को फर्जी बताया गया। रुपये वापस मांगे तो उत्कर्ष स्माल फाइनेंस बैंक, संजय प्लेस शाखा के तीन चेक दिए गए। चेक बाउंस हो गए। बताने पर उसने मकान बेचकर रकम अदा करने का झूठा आश्वासन दिया। अब धमका रहा है। फोन उठाने भी बंद कर दिए हैं।
विज्ञापन

आगरा में ठगों का जाल

आगरा में नौकरी के नाम पर पहली बार धोखाधड़ी नहीं की गई है। जलकल, रेलवे व नगर निगम में नौकरी का झांसा देकर धोखाधड़ी के मामले सामने आ चुके हैं। इस संबंध में थाना जगदीशपुरा, ताजगंज, सदर, हरीपर्वत में मुकदमे भी दर्ज हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें