कासगंज में हड़ताल के चलते बैंक ऑफ बडौदा का गिरा शटर
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कासगंज। बैंकों के निजीकरण का विरोध सहित 9 सूत्री मांगों को लेकर बैंककर्मी मंगलवार को दूसरे दिन भी हड़ताल पर रहे। जिससे 50 बैंकों शाखाओं में कामकाज पर असर पड़ रहा है। बैंकों में कामकाज न होने से ग्राहकों को अपने लेनदेन सहित अन्य समस्याओं का सामना करना पड़ा।
बैंक कर्मचारियों की यूनियनों के आह्वान पर यूनियन बैंक, सेंट्रल बैंक, केनरा बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा, बैंक ऑफ महाराष्ट्र आदि बैंकों की 50 शाखाओं के कर्मचारी दूसरे दिन भी हड़ताल पर रहे। जबकि भारतीय स्टेट बैंक, इंडियन बैंक इलाहाबाद, आर्यवृत बैंकों के कर्मचारी हड़ताल से दूर रहे। जिन बैंक शाखाओं में हड़ताल रही उनके ग्राहकों के सामने समस्याएं खड़ी हो गई। ग्राहक बैँक शाखाओं में न तो अपने चेक ही क्लीयरेंस के लिए लगा सके और न ही अपने अन्य लेनदेन कर सके।
बैक हड़ताल के दौरान एटीएम लोगों के सहारा बने। जिन बैंक ग्राहकों के पास डेविट कार्ड हैं उन्होंने एटीएम पर जाकर अपने धन की निकासी एवं जमा करने का कार्य किया। जिससे इन पर भीड़ रही।
बैंक से धन निकासी के लिए आई थी, उसके पास डेविट कार्ड भी नहीं है। बैंक बंद होने से धन निकासी की समस्या हो गई है।
पूजा, ग्राहक बीओबी शाखा
दूध के कारोबार के लिए भैंस पालकों को भुगतान करने के लिए धन निकालना था, लेकिन बैंक बंद होने से धन की निकासी नहीं हो सकी।
अनिल कुमार, दूध कारोबारी