गौरतलब है कि पदक जीतने के बाद चानू ने पीएम को धन्यवाद कहा था। उन्होंने कहा था, 'मैं प्रधानमंत्री और खेल मंत्री को शुक्रिया बोलना चाहूंगी। उन्होंने मुझे बहुत कम समय में अभ्यास के लिए अमेरिका भेजा था। सभी तैयारियों को एक दिन में पूरा किया गया था। उनके कारण ही मुझे अच्छा प्रशिक्षण मिला और मैं पदक जीतने में सफल रही।
चानू वेटलिफ्टिंग में पदक जीतने वाली भारत की दूसरी एथलीट
वेटलिफ्टिंग में चानू पदक जीतने वाली भारत की दूसरी एथलीट हैं। इससे पहले कर्णम मल्लेश्वरी ने 2000 सिडनी ओलिंपिक में कांस्या पदक जीता था। मीराबाई को पांच साल पहले रियो ओलंपिक में भी पदक का प्रबल दावेदार माना जा रहा था लेकिन वह महिलाओं के 48 किग्रा भार वर्ग में उतना का वजन उठाने में सफल नहीं रहीं थीं। चानू विश्व चैंपियनशिप में स्वर्ण, राष्ट्रमंडल खेलों में (2014 में रजत और 2018 में स्वर्ण) दो पदक और एशियाई चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीत चुकी हैं।
स्वदेश पहुंचकर चानू ने कहा
- सबकी उम्मीदों का तनाव था लेकिन मन से काम किया
- 2016 में पदक चूकने के बाद काफी मेहनत की
- ओलंपिक में पदक जीतना बहुत बड़ी चुनौती थी
- पांच साल की मेहनत सफल होने पर बहुत खुशी हुई