फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इस तरह खुद ही जान सकते हैं कि आप नर्क जाएंगे या स्वर्ग

विज्ञापन
विज्ञापन
शास्त्रों और पुराणों में बताया गया है कि मरने के बाद जीवों को उनके कर्मों के अनुसार स्वर्ग या नर्क में जाकर कर्मों का फल भोगना पड़ता है। स्वर्ग के विषय में यह कहा जाता है कि यहां देवाताओं का निवास होता है। इसलिए यहां हर प्रकार की सुख-सुविधाएं मौजूद हैं। यहां न तो गर्मी है और न सर्दी हमेशा मौसम अनुकूल रहता है। स्वर्ग में सुंदर अप्सराएं मिलती हैं जो पुण्यात्माओं की सेवा और मनोरंजन किया करती हैं। यहां पर भोजन और आराम का भी उत्तम प्रबंध है।
विज्ञापन


इसके विपरीत नर्क ऐसा स्थान है जहां पापी जीवों की आत्मा को कई तरह की यातनाओं को भोगना पड़ता है। यहां पर कहीं खूब गर्मी है तो कहीं अत्यंत ठंड। भोजन और पानी का भी यहां कोई प्रबंध नहीं है। यम के दूत नर्क भोगने वाले की दिन रात पिटाई किया करते हैं। यहां पर खौलते तेल में जीवात्मा को डालकर तड़पाया जाता है।

इसलिए हर व्यक्ति यही चाहता है कि मरने के बाद उसे नर्क की यातना नहीं भुगतनी पड़े। सभी स्वर्ग का आनंद पाना चाहते हैं। लेकिन कौन नर्क जाएगा और कौन स्वर्ग इसके विषय में भगवान विष्णु ने गरुड़ से जो बातें कही है उसे जानकर आप खुद तय कीजिए कि क्या आप स्वर्ग जाएंगे या नर्क?
विज्ञापन

नर्क जाने वाले मनुष्य कौन होते हैं

1. गरुड़ पुराण के अनुसार जो व्यक्ति भूख प्यास से तड़पते याचक यानी मांगने वाले को अपने घर से खाली हाथ लौटा देता है या उनका अपमान करता है।

2. अनाथ, गरीब, रोगी, बुजुर्ग और जरुरतमंद की जो सहायता नहीं करते उन्हें नर्क में जाकर यातना सहनी पड़ती है।

3.आत्महत्या करने वाला, स्त्री की हत्या करने वाला, गर्भ की हत्या करने वाला, झूठी गवाही देने वाला, कन्या को बेचने वाला, ब्राह्मण की जीविका नष्ट करने वाला, ब्राह्मण होकर मद्य और मांस का सेवन करने वाला, दूसरों की संपत्ति का हरण करने वाला, अपने लाभ के लिए झूठ बोलने वाला भी नर्क भोगने वाला होता है।

4. जो अपनी पत्नी, बच्चों, नौकरों और मेहमानों को खिलाए बिना खुद खा लेते हैं और पितरों एवं देवताओं की पूजा छोड़ देते हैं।

5. जो लोग भगवान शिव और विष्णु की पूजा नहीं करते

6. दूसरों के गुणों में दोष देखने वाले और दूसरों से ईर्ष्या करने वाले भी नर्क के भागी बनते हैं
विज्ञापन

ऐसे व्यक्ति ही स्वर्ग में स्थान पाने के अधिकारी होते हैं

1. एकांत स्थान में मिली हुई परस्त्री को देखकर भी जिनके मन में कामवासना का आगमन नहीं होता और वह पुरुष उस स्त्री को अपनी माता, बहन और पुत्री के रुप में देखते हैं, ऐसे लोग स्वर्ग को जाते हैं।

2. जो लोग मन और इंद्रियों को वश में रखते हैं और शोक, भय एवं क्रोध को अपने ऊपर हावी नहीं होने देते

3. कुआं, बावली, तालाब, प्याऊ, आश्रम और देवमंदिर का निर्माण करवाते हैं।

4. जो व्यक्ति शत्रुओं में भी दोष नहीं देखते और उनके गुणों को समझकर उनकी प्रशंसा करते हैं वह स्वर्ग जाने के अधिकारी होते हैं

5. जो लोग दूसरों के धन में लोभ नहीं रखते और धर्म पूर्वक की गई कमाई से जीविका चलाते हैं वे स्वर्ग को जाते हैं।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें