गिरफ्तार पांवटा निवासी अमित सिंह पर कंपनी से चुराए गए एल्यूमिनियम स्क्रैप को खरीदने का आरोप है, जबकि गिरफ्तार सहारनपुर (यूपी) निवासी सुलेमान पर लोहे और तांबे का स्क्रैप खरीदने का आरोप है।
तीनों आरोपी 19 नवंबर तक पुलिस रिमांड पर रहेंगे। सूत्रों की मानें तो अब आबकारी एवं कराधान विभागीय कुछ अन्य अधिकारी भी टीम के राडार पर हैं।इंडियन टेक्नोमैक कंपनी जहाजों के कलपुर्जे बनाती थी।
प्रबंधन वर्ग पर आरोप है कि प्रदेश सरकार को विभिन्न करों, वैट और एंट्री टैक्स तक की अदायगी ही नहीं की गई। इकाई औद्योगिक पैकेज का लाभ भी लेती रही। टैक्स समेत सभी करीब 6000 करोड़ रुपये का घोटाला सामने आया।
आरोप है कि कंपनी ने प्रदेश सरकार को ही करीब 2200 करोड़ रुपये का चूना लगाया था। कई राज्यों के बैंकों से फर्जी दस्तावेजों से कर्ज लेने और करीब 16 बैंकों के 1600 करोड़ रुपये और 2200 करोड़ रुपये ब्याज राशि हड़पने का आरोप है।