प्रदेश की राज्यपाल उर्मिला सिंह ने वीरवार को रेणुका मेले की समापन शोभायात्रा के दौरान देव पालकियों को कंधा दिया। इस दौरान मौके पर मौजूद हजारों लोग भावुक हो गए। इसके बाद अंतरराष्ट्रीय रेणुका मेला पूजा-अर्चना इत्यादि के बाद विधि-विधान से संपन्न हो गया।
इसके साथ ही सभी देवता अपने-अपने घरों को विदा हो गए। इस दौरान चारों देवों की विदाई शोभायात्रा में भारी संख्या में श्रद्धालु उमड़े। ढोल नगाड़ों के साथ शंख ध्वनि ने पूरे वातावरण को भक्तिरस में डुबो दिया।
समय कुछ पलों के लिए उस समय ठहर सा गया जब सैकड़ों श्रद्धालु मां रेणुका एवं भगवान परशुराम के इस विदाई क्षण को अश्रुपूर्ण विदाई देते नजर आए। श्रद्धालु देवताओं की इस विदाई पर भावुक हो उठे।
साथ ही भगवान से कामना की कि अगले वर्ष शीघ्र पहुंच कर इस मंगलमय मिलन को दोबारा शुरू करना। इससे पूर्व राज्यपाल उर्मिला सिंह ने भगवान परशुराम तथा मां रेणुका के मंदिरों में माथा टेका। उन्होंने पूजा अर्चना भी की। साथ में मंदिर देव कारिंदों, राज घराने के सदस्यों ने भी पूजा अर्चना कर आशीर्वाद मांगा।