मुख्यमंत्री का चेहरा घोषित होने के बाद पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी सोमवार को शक्तिपीठ श्री नयनादेवी जी पहुंचे। चन्नी ने गर्भगृह में विधिवत पूजा-अर्चना की। उन्होंने माता के दरबार में चांदी का छत्तर, झंडा, चुनरी और चांदी के नेत्र अर्पित किए। पंजाब के सीएम ने मंदिर में पूजा-अर्चना की और प्राचीन हवन कुंड में आहुतियां भी डालीं। पुजारी हरीश शर्मा, अमित शर्मा, उमेश शर्मा और प्रवेश शर्मा ने मंत्रोच्चारण के साथ पूजा करवाई। मंदिर न्यास की तरफ से चन्नी को माता की चुनरी और फोटो भेंट की गई।
श्री नयनादेवी जी में पत्रकारों से बातचीत में चरणजीत चन्नी ने कहा कि पंजाब और हिमाचल के दोनों धार्मिक स्थल श्री आनंदपुर साहिब और श्री नयनादेवी जी को पंजाब में कांग्रेस सरकार बनने के बाद रोप-वे से जोड़ा जाएगा। माता नयना के आशीर्वाद से उन्हें मुख्यमंत्री का प्रत्याशी घोषित किया गया है। वह प्रत्याशी घोषित होने के तुरंत बाद माता श्री नयना देवी जी के दर्शन करने के लिए पहुंचे हैं। उन्होंने मां नयना का आशीर्वाद लिया है और विस चुनावों में कांग्रेस की जीत के लिए प्रार्थना की है। पंजाब में नवजोत सिंह सिद्धू और उनके बीच में चल रही वर्चस्व की लड़ाई के बारे में जब पत्रकारों ने प्रश्न पूछा तो चन्नी ने कहा कि माता के दरबार में सिर्फ धार्मिक बातें ही होगी, वे यहां राजनीति की बात नहीं करेंगे।