जानकारी के अनुसार सरकारी व गैर सरकारी स्कूलों पर निगरानी रखने के लिए बनाई गई शिक्षा उपनिदेशक की कमेटी ने स्कूल का औचक निरीक्षण किया। इसमें पाया गया कि स्कूल प्रबंधन ने बड़ी कक्षाओं के साथ प्राइमरी व प्री प्राइमरी कक्षाओं के विद्यार्थियों को भी स्कूल बुलाया था।
हिमाचल प्रदेश के ऊना जिला मुख्यालय के साथ लगते एक निजी स्कूल प्रबंधन ने कोरोना महामारी के इस दौर में प्राइमरी कक्षाओं के बच्चों को स्कूल में बुला लिया। मामला संज्ञान में आने पर शिक्षा विभाग की टीम ने स्कूल का निरीक्षण किया और स्कूल प्रबंधन को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। जानकारी के अनुसार सरकारी व गैर सरकारी स्कूलों पर निगरानी रखने के लिए बनाई गई शिक्षा उपनिदेशक की कमेटी ने स्कूल का औचक निरीक्षण किया।
विज्ञापन
इसमें पाया गया कि स्कूल प्रबंधन ने बड़ी कक्षाओं के साथ प्राइमरी व प्री प्राइमरी कक्षाओं के विद्यार्थियों को भी स्कूल बुलाया था। कुछ नौनिहालों ने मास्क भी नहीं पहने थे। इस पर निगरानी कमेटी के अध्यक्ष कार्यकारी उच्च व प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक देवेंद्र चंदेल ने स्कूल प्रबंधन को जमकर फटकार लगाई। इसके साथ उन्होंने स्कूल प्रबंधन को सख्त निर्देश दिए कि सरकार के निर्देशों के बाद भी नौनिहालों की जान खतरे में डालने की भारी लापरवाही बरतने का जवाब लिखित में दें।
स्कूल को लापरवाही बरतने पर जारी किया नोटिस
कार्यकारी उच्च व प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक देवेंद्र चंदेल ने कहा कि स्कूल को इस लापरवाही बरतने पर कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। स्कूल में सामाजिक दूरी का भी पालन नहीं किया गया था। साथ ही कई विद्यार्थियों ने मास्क भी नहीं पहने थे। इस संबंध में नियमानुसार बनने वाली विभागीय कार्रवाई अमल पर लाई जाएगी।